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Pradhan Mantri Mudra Finance| Kya Hai| Kaise Milega.

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Pradhan Mantri Mudra Finance की शुरुआत भारत के प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी ने वर्ष 2015 में की गयी। इस मुद्रा फाइनेंस yojana के तहत देश के लोगो को खुद का छोटा अथवा लघु business शुरू करने के लिए 10 लाख रुपये तक का loan प्रदान किया जा रहा है। इस yojana के तहत कोई भी व्यक्ति अपने business को आगे बढ़ाने के लिए Loan ले सकता है। 

दोस्तों, इस आर्टिकल में हम आपको प्रधानमंत्री मुद्रा फाइनेंस क्या है और कैसे मिलेगा से जुड़ी सारी जानकारियां आपको दी जाएगी। जैसे की : प्रधानमंत्री मुद्रा फाइनेंस के products, eligibility, interest rules, प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस loan schemeमें शामिल banks और states तथा application form links आदि। 

तो चलिए शुरू करते हैं :

Pradhan Mantri Mudra Finance Kya Hai?

प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस, प्रधानमंत्री मुद्रा फाइनेंस yojana यानी की पीएमएवाई के तहत दिया जाता है। यहाँ “MUDRA” का अर्थ है “Micro Units Development and Refinance Agency”। इसके under, borrower यानी की कर्ज लेने वाला “शिशु”, “किशोर” तथा “तरुण” category के अनुसार “50,000 रुपये” से “10 लाख रुपये” तक के business loan प्राप्त कर सकते हैं।

प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस 2015 में small scale के businesses को Growth और success प्राप्त करने में help करने के purpose से start की गई। profitable और non-profitable दोनों sectors इस yojana के under loan प्राप्त कर सकते हैं तथा अपने business को kickstart करने के लिए 10 लाख रुपये तक का loan प्राप्त कर सकते हैं।

प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस loan scheme website :

https://www.mudra.org.in/

Pradhan Mantri Mudra Finance Kya Hai

प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस loan scheme portal पर login करने की step by step process.

Pradhan Mantri Mudra Finance Kya Hai
  • सबसे पहले यूजर को मुद्रा फाइनेंस योजना की main websiteपर जाना होगा।
  • अब यूजर के सामने मुद्रा लोन website का home page खुलकर आएगा।
  • home page पर user को login button पर click करना है।
  • अब यूजर के सामने स्क्रीन पर एक न्यू पेज आएगा जिसमें यूजर को खुद का “Username”, “Password” और “Captcha code” enter करना होगा।
  • इसके बाद यूजर को login button पर click करना होगा।
  • फाइनली, user mudra portal पर  login कर पायेगा।

प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस yojana के under loan लेने वाले companies के types हैं:

  • वाणिज्यिक बैंक
  • रेलवे भर्ती बोर्ड 
  • लघु वित्त बैंक
  • सूक्ष्म वित्त संस्थान 
  • गैर-बैंकिंग वित्तीय निगम 

प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस yojana के under loan लेने वाले  industries के types हैं:

  • small scale के निर्माता
  • कृषि क्षेत्र
  • दुकानदार
  • व्यापार विक्रेता
  • हस्तशिल्प     
  • खाद्य उत्पादन Industry
  • ट्रक मालिक
  • Restoration and Repair की दुकान
  • सेवा आधारित companies
  • self-employed उद्यमी

प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस yojana products types :

प्रधानमंत्री मुद्रा फाइनेंस loan scheme 3 type की होती हैं :

  1. शिशु
  2. किशोर
  3. तरुण 
प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस yojana का नाम  ऋण की कुल राशि
शिशु”   “50,000 रु. तक”
किशोर “50,000 रु. से रु. 5 लाख”
तरुण”  “रु.5 लाख से रु.10 लाख”

Pradhan Mantri Mudra Finance yojana का purpose :

प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस loan कई reasons से लिए जा सकते हैं जो employment create करने और income उत्पन्न करने में help करते हैं। यहाँ main purpose दिए गए हैं जिनके लिए loan लिया जा सकता है:

  • MUDRA cards के माध्यम से कार्यशील capital loan
  • service sector में दुकानदारों, businessmen, विक्रेताओं और अन्य activities के लिए business loan
  • परिवहन Vehicle  loan
  • small उद्यम units के लिए equipment finance
  • जो लोग professional activities के लिए टिलर, ट्रैक्टर और दोपहिया vehicles का use करते हैं, वे Mudra Loan के लिए apply कर सकते हैं    
  • कृषि-संबद्ध non-agriculture income उत्पन्न करने वाली activities जैसे : मुर्गी पालन, मधुमक्खी पालन, मछली पालन आदि में शामिल लोग Mudra Loan के लिए apply कर सकते हैं।

Pradhan Mantri Mudra Finance loan scheme में आने वाले banks :

  1. “बैंक ऑफ इंडिया”
  2. “बैंक ऑफ महाराष्ट्र”   
  3. “इलाहाबाद बैंक”
  4. “सिंडिकेट बैंक”
  5. “कॉरपोरेशन बैंक”
  6. “जम्मू और कश्मीर बैंक”   
  7. “आईसीआईसीआई बैंक”
  8. “यूनियन बैंक ऑफ इंडिया”   
  9. “देना बैंक”   
  10. “पंजाब एंड सिंध बैंक”
  11. “आंध्र बैंक”
  12. “कर्नाटक बैंक”
  13. “तमिलनाडु मरसेटाइल बैंक”
  14. “आईडीबीआई बैंक”   
  15. “पंजाब नेशनल बैंक”
  16. “केनरा बैंक”   
  17. “सारस्वत बैंक”   
  18. “एक्सिस बैंक”
  19. “इंडियन बैंक”   
  20. “फेडरल बैंक”
  21. “यूको बैंक”   
  22. “यूनियन बैंक ऑफ इंडिया”
  23. “कोटक महिंद्रा बैंक”
  24. “इंडियन ओवरसीज बैंक”   
  25. “एचडीएफसी बैंक”   
  26. “बैंक ऑफ़ बरोदा”
  27. “स्टेट बैंक ऑफ इंडिया”    
  28. “सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया”
  29. “ओरिएंटल बैंक ऑफ कॉमर्स”

Pradhan Mantri Mudra Finance loan scheme के beneficiary :

  • पार्टनरशिप
  • सोल प्रोपराइटर
  • खाने से संबंधित व्यापार
  • माइक्रो उद्योग   
  • सर्विस सेक्टर की कंपनियां
  • विक्रेता
  • मरम्मत की दुकान   
  • ट्रकों के मालिक
  • माइक्रो मैन्युफैक्चरिंग फॉर्म

प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस loan scheme के under आने वाली activities :

Pradhan Mantri Mudra Financeमुद्रा फाइनेंस के under आने वाली activities की सूची इस प्रकार है :

  • कृषि संबंधी activities
  • खाद्य उत्पादन sector
  • कपड़ा उत्पादन sector और activities
  • Goods और passengers दोनों के transportation के लिए use किए जाने वाले transport vehicle
  • दुकानदारों और merchants के लिए business loan 
  • community, सामाजिक और व्यक्तिगत service activities
  • micro units के लिए equipment finance scheme

प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस loan scheme ऋण के लिए apply (आवेदन) कैसे करें?

  1. चरण 1: अपने आवश्यक documents तैयार रखे गए हैं। 
  2. चरण 2 : मुद्रा yojana के तहत नामांकित lender  से contact करें और application form भरें।
  3. चरण 3 : जरुरी documents जमा करें।


Pradhan Mantri Mudra Finance loan scheme apply करने के लिए जरुरी documents :

प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस loan scheme पहचान प्रमाण पत्र :

  • पैन कार्ड
  • पासपोर्ट
  • ड्राइविंग लाइसेंस
  • वोटर आईडी कार्ड
  • मालिक/ भागीदार/ निदेशक का signature

प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस loan scheme निवास प्रमाण पत्र :

  • टेलीफोन बिल       
  • बिजली का बिल
  • संपत्ति कर रसीद
  • बिजनेस एड्रेस प्रूफ
  • योग्यता का प्रमाण       
  • व्यापार के संदर्भ
  • proprietor, पार्टनर या director का Voter ID Card
  • SSI या MSME Registration     
  • आय या बिक्री tax return के साथ पिछले 3 वर्षों की balance sheet
  • ITR के साथ संपत्ति और statement of liabilities
  • company partnership डीड या memorandum और articles of association
  • रेंट एग्रीमेंट, यदि business premises rent पर लिया गया है
  • 2 पासपोर्ट साइज color photo    
  • अगले 2 वर्षों के लिए project balance sheet, यदि आप working capital loan प्राप्त कर रहे हैं।       
  • business continuity का प्रमाण।
  • संपत्ति की lease deed कॉपी या title deeds

Pradhan Mantri Mudra Finance loan scheme के लिए कौन कौन आवेदन कर सकता है :

Micro Units Development and Refinance Agency Ltd. “भारत सरकार” द्वारा स्थापित एक institution है जो सूक्ष्म तथा लघु उद्यमों के non-corporate और गैर-कृषि sectors को funding की पेशकश करती है जिन्हें भी credit की जरूरत होती है। Mudra loan की benefits उठाई जा सकती – इस प्रकार :

  • ड्रॉप लाइन overdraft
  • commercial vehicle, कार तथा दो पहिया vehicle खरीदना
  • संयंत्र और मशीनरी खरीदने के लिए loan 
  • कार्यशील पूंजी के लिए loan
  • कार्यालय के renovation के लिए loan
  • ओवरड्राफ्ट फैसिलिटी, आदि

**व्यक्तिगत जरूरत के लिए, अपनी Vehicle purchase के लिए या फिर educational objectives के लिए Mudra loan नहीं ली जा सकती है। loan प्राप्त करने के लिए एक genuine business plan होनी चाहिए।

आप Mudra Loan के लिए apply कर सकते हैं अगर आप :

  • Small manufacturer
  • सब्जी और फल विक्रेता
  • शिल्पकार
  • दुकानदार
  • agricultural sector में किसान/ मुर्गी पालन/ डेयरी किसान, बागवानी specialist आदि।

प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस लोन के लिए apply कैसे करें :

ऑनलाइन मोड :

  • उस financial institution की official website पर जाएं जिसके माध्यम से आप Mudra Loan के लिए apply करना चाहते हैं।
  • जिस scheme का आप befits पाना चाहते हैं उसका application form को download करें – शिशु, किशोर, या तरुण।
  • एक बार जब आप form को download कर लेते हैं, तब उसका printout लें और उसे विधिवत भरें। सुनिश्चित करें कि documents पर उल्लिखित सभी विवरण सही हैं।
  • application form के साथ सभी आवश्यक documents संलग्न करें और उस lender  की branch में जाएं जिससे आप mudra loan प्राप्त कर रहे हैं और उसे sumit करें।
  • एक बार जब आप सभी documents submit कर देते हैं, तो lender  उन्हें verify करेगा। यदि सभी विवरण सही पाए जाते हैं, तो वे आपके bank account में loan amount वितरित कर देंगे।       

ऑफ़लाइन मोड :

  •  उस lender  की branch पर जाएँ जिससे आप mudra loan प्राप्त करना चाहते हैं।
  •  सुनिश्चित करें कि आपके पास एक लिखित business plan है क्योंकि यह आपको mudra loan लेने की अनुमति देने का निर्णय लेने में bank में important role निभाएगा।
  • अपनी eligibility criteria के आधार पर, वह yojana चुनें जिसके तहत आप  mudra loan प्राप्त करना चाहते हैं और विधिवत application form भरें।
  • अपने अन्य महत्वपूर्ण documents और पासपोर्ट साइज फोटो के साथ application form जमा करें।
  • lender  तब आपके द्वारा जमा किए गए  documents को  verify करेगा। यदि आपके द्वारा प्रस्तुत सभी विवरण सही हैं, तो loan amount आपके bank account में वितरित कर दी जाएगी।     


Pradhan Mantri Mudra Financeलोन आवेदनकर्ता के लिए eligibility :

भारतीय नागरिक जिनके पास service sector की activities, या trading या manufacturing activities के लिए अपनी स्वयं की business plans हैं और उन्हें 10 लाख रुपये तक की amount की जरूरत है, वो Mudra loans के लिए apply कर सकते हैं। इसका लाभ public sector banks, निजी क्षेत्र के बैंकों, क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों, लघु वित्त बैंकों और micro finance institutions द्वारा प्राप्त किया जा सकता है।

Mudra loan के लिए eligibility criteria :

  • न्यूनतम आयु : 18 वर्ष
  • अधिकतम आयु : 65 वर्ष
  • Mudra loan कौन प्राप्त कर सकता है : loan नई और मौजूदा units द्वारा प्राप्त किया जा सकता है
  • सुरक्षा या संपार्श्विक : कोई भी संपार्श्विक या third-party सुरक्षा की जरूरत नहीं है
  • Mudra loan की पेशकश करने के लिए पात्र संस्था : निजी क्षेत्र के बैंक, सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक, सूक्ष्म वित्त संस्थान और क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक
  • आवश्यक दस्तावेज : प्रमाण पत्र, निवास प्रमाण पत्र, आवेदन पत्र और पासपोर्ट साइज फोटो

प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस ऋण Application form पीडीएफ download करें :

Pradhan Mantri Mudra Finance Kya Hai

शिशु के लिए Application form PDF :

https://www.mudra.org.in/Default/DownloadFile/Common_loan_Application_form.pdf

किशोर और तरुण के लिए सामान्य ऋण Application form PDF :

https://www.mudra.org.in/Default/DownloadFile/Common_loan_Application_form.pdf

शिशु के लिए सूची Application form PDF :

https://www.mudra.org.in/Default/DownloadFile/Check_list_for_Shishu_application.jpg

Pradhan Mantri Mudra Finance loan APPLICATION FORM में क्या-क्या भरना होगा :

Mudra loan के लिए अधिकृत banks में apply किया जा सकता है। इसमें “27 सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक”, “17 निजी क्षेत्र के बैंक”, “31 क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक”, “4 सहकारी बैंक”, “36 एमएफआई” और “25 एनबीएफसी” हैं। जो Mudra loan देने के लिए authorised हैं। प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस loan application फॉर्म में ये निम्नलिखित जानकारियां भरनी होंगी :

  1. बैंक तथा ब्रांच का नाम (जहां से भी आपको ऋण की जरूरत होगी)
  2. किसी एक आवेदक/आवेदकों का नाम
  3. पिता/ पति का नाम
  4. चयन करें : क्या संविधान व्यक्तिगत/ संयुक्त/ मालिक/ साझेदारी/ या फिर अन्य है।
  5. Residential address और mention करें कि यह rent पर है या स्वयं का है।
  6. Business/ shop place का पता और mention करें कि यह रेंट पर है या स्वयं का है।
  7. जन्म की तिथि
  8. उम्र (age)
  9. लिंग(gender)
  10. शैक्षणिक योग्यता भरें : यदि निरक्षर/ 10 वीं कक्षा/ स्नातक/ पेशेवर या फिर अन्य।
  11. KYC दस्तावेज, specify करें कि क्या  ID proof या एड्रेस प्रूफ: Voter ID नंबर, Aadhaar नंबर, Driving license नंबर या अन्य।
  12. टेलीफोन-नंबर
  13. मोबाइल-नंबर
  14. ईमेल 
  15. लाइन अगर business तथा उसकी एक्टिविटी और जिस period के लिए वह चल रहा है।
  16. Annual बिक्री, मौजूदा तथा प्रस्तावित।
  17. Experience, यदि कोई हो।
  18. सामाजिक श्रेणी, यदि सामान्य/ एससी/ एसटी/ ओबीसी या फिर अल्पसंख्यक। यदि अल्पसंख्यक का चुनाव करते हैं कि आप बौद्ध/ मुस्लिम/ ईसाई/ सिख/ जैन/ पारसी या फिर अन्य हैं।
  19. Loan अमाउंट की जरूरत है। Mention करें कि क्या आपको overdraft या टर्म लोन की जरूरत है।
  20. मौजूदा account का विवरण, loan या जमा के प्रकार और bank और branch के नाम को mention करें। account संख्या को mentioned करें और यदि यह loan account है तो loan amount को mention करें।
  21. लास्ट में अपना signature करें और application form में डिक्लेरेशन के तहत date और place दर्ज करें।
  22. इसके बाद authorised bank आपको acknowledgement slip देगा। इसे branch के authorised 
  23. कर्मियों द्वारा signed और सील किया जाएगा।

Pradhan Mantri Mudra FinanceLoan के Benefits :

प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस की प्रमुख विशेषताएं और लाभ इस प्रकार हैं :

  • borrower से credit guarantee सरकार द्वारा ली जाती है, इसलिए यदि कोई borrower उधार ली गई amount को चुकाने में असमर्थ हो, तो loss की responsibility सरकार द्वारा वहन की जाएगी।
  • urban और rural दोनों areas में Banking और वित्तीय सेवाओं का advantage पाया जा सकता है।
  • किफायती interest rates पर small amounts के लिए Business loans पाया जा सकता है।
  • micro-small businesses और startups द्वारा Financial सहायता पाया जा सकता है।
  •  इस scheme के माध्यम से उन areas में Financial aid उपलब्ध किया गया है जहां लोगों की बुनियादी banking facilities तक पहुंच नहीं है।
  • Women borrowers रियायती interest rates पर loan का advantage उठा सकती हैं।
  • shopkeepers, Food vendors और अन्य small business के मालिक इस scheme का अधिक से अधिक advantage उठा सकते हैं।
  • scheme को चुकाने की अवधि 7 years तक increase किया जा सकता है।
  • इस Scheme के माध्यम से उधार ली गई funds का उपयोग केवल business purposes के लिए किया जा सकता है।
  • जो व्यक्ति micro enterprise activities के माध्यम से income करना चाहते हैं वे Micro Credit Scheme का लाभ उठा सकते हैं।
  • Mudra loan yojana “Make In India” अभियान के सहयोग से है, जिसे सरकार ने नवाचार को बढ़ावा देने, facilitate investment, कौशल विकास में सुधार और देश में सर्वोत्तम infrastructure manufacturing के लिए initiate किया है।
  • designated lenders के साथ Refinance schemes का भी लाभ उठाया जा सकता है।
  • इस Scheme का benefits उठाने के लिए किसी collateral या security की जरूरत नहीं होगी।


Atmanirbhar Abhiyan के under  Mudra Shishu Category के तहत दी जाने वाली नवीनतम लाभ :

हाल ही में भारत सरकार ने Atmanirbhar Abhiyan के under कुछ benefits की Announcement की है जो Mudra Shishu Category प्राप्त करने के लिए उत्तरदायी होंगे। ये इस प्रकार हैं:

  • borrowers को भारत सरकार द्वारा 1 वर्ष की अवधि के लिए उनकी interest rates पर 2% की discount मिलेगी।
  • Mudra Shishu category को 1500 करोड़ रुपये की interest subsidy प्रदान की जाएगी।
  • Mudra Shishu category के तहत borrowers को 1,500 करोड़ रुपये तक की relief प्रदान किया जाएगा।

“Mudra card” :

जब आप Mudra Loan के लिए apply करते हैं, तब आपको एक Mudra card दिया जाता है जो एक प्रकार का Debit Card है। Loan के लिए successfully apply करने के बाद, आपको एक account open करना होगा जिसके साथ Mudra card जारी कर दिया जाएगा है। आप Mudra card का use उस loan amount को निकालने के लिए कर सकते हैं जो आपके द्वारा सफलतापूर्वक loan के लिए apply करने के बाद आपके Mudra account में वितरित की जाएगी।

Pradhan Mantri Mudra Finance Kya Hai

प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस loan scheme banks के लिए eligibility :

  • एक सार्वजनिक क्षेत्र/ निजी क्षेत्र/ क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक mudra loan के लिए पात्र होगा यदि वो निम्नलिखित guidelines को पूरा करता हो :
  • पिछले 2 वर्षों से लगातार लाभ प्राप्त करने वाला।  
  • सार्वजनिक क्षेत्र/ निजी क्षेत्र/ क्षेत्रीय ग्रामीण bank के लिए net performing assets का स्तर क्रमशः 15%, 10% तथा 6% से कम ही होना चाहिए। 
  • public और private sector banks की total संपत्ति 250 करोड़ रुपये से भी अधिक होनी चाहिए। regional rural banks के लिए यह 50 करोड़ रु से भी ज्यादा होनी चाहिए।
  • capital और Risk Weighted Assets का ratio Reserve bank of India के regulations के अनुसार होनी चाहिए। 

Pradhan Mantri Mudra FinanceLoan scheme की Interest Rate क्या है?

Mudra loan की interest rate applicant की profile पर depend करती है। Mudra loan की पेशकश करने वाले public sector के साथ-साथ private sector में कई बैंक हैं। सभी lenders के पास कुछ निश्चित guidelines हैं जो  interest की final rate है जिस पर एक applicant को loan प्रदान किया जाता है, यह  lender द्वारा ही तय किया जाता है। यह applicant की business requirements की जांच करने के बाद किया जाता है।

Mudra loan बैंकों द्वारा non-corporate, गैर-कृषि क्षेत्र द्वारा income उत्पन्न करने वाले micro enterprises की help के लिए दिया जाता है, जिन्हें 10 लाख रुपये से कम loan की जरूरत होती है। Mudra loan पर interest rate 7.30% प्रतिवर्ष की rate से शुरू होती हैं और loan को चुकाने की अवधि 1 year से 7 years के बीच है।

Mudra finance loan विवरण :

ब्याज दर 7.30% प्रति वर्ष से ऊपर
ऋण राशि10 लाख रुपये तक
ऋण अवधि       7 वर्ष तक
प्रसंस्करण शुल्कlender  के अधीन

Pradhan Mantri Mudra Financeबैंकों द्वारा Loan Interest Rates :

बैंक        कार्य-अवधिब्याज दर
ICICI बैंक बैंक के निर्देश परबैंक दिशानिर्देशों के अनुसार 
भारतीय स्टेट बैंक 1 to 5 yearsएमसीएलआर से लिंक्ड
IDBI  बैंक 1-5 सालबैंक की आधार RATE से लिंक्ड
baroda बैंक बैंक के निर्देश पर  9.65% / वर्ष
UKO बैंक बैंक के निर्देश पर 8.85% / वर्ष 
IOB बैंक बैंक के निर्देश पर बैंक के दिशानिर्देशों के अनुसार
HDFC बैंक  बैंक के निर्देश परबैंक GUIDELINES के अनुसार
UNION बैंकबैंक के निर्देश पर 7.30% प्रति वर्ष onwards 
HDFC बैंक बैंक के निर्देश परबैंक guidelines के अनुसार
OBC बैंकबैंक के निर्देश पर बैंक के दिशानिर्देशों के अनुसार
CANARA बैंक7 वर्ष तकबैंक दिशानिर्देशों के अनुसार
TMB बैंक1-7 साल8.95% प्रतिवर्ष  
Central बैंकबैंक के निर्देश परबैंक दिशानिर्देशों के अनुसार
Maharashtra बैंकबैंक के निर्देश पर9.25% प्रति वर्ष 
Allahabad बैंक 1-5 वर्षबैंक दिशानिर्देशों के अनुसार
BOB 1-7 सालMCLR से लिंक्ड
VIJAYA बैंक    बैंक के निर्देश पर9.65% प्रति वर्ष    

प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस loan scheme राज्यवार रिपोर्ट (2021-22) :

Pradhan Mantri Mudra Financeशिशु ऋण रिपोर्ट :

राज्यों के नामकुल लाभार्थियों की संख्याअनुमोदित की गई कुल राशि (in crores)वितरित की गई कुल राशि (in crores)  
जम्मू कश्मीर‘35219’‘112.39’‘111.22’
लद्दाख‘137’‘0.49’‘0.49’
पंजाब” ‘448074’‘1358.06’‘1336.08’
हिमाचल प्रदेश‘26541’‘84.25’‘76.02’
उत्तराखंड‘114071’‘378.77’‘371.80′
राजस्थान‘1223374’‘3655.58’‘3635.11’
हरियाणा‘371757’‘1160.53’‘1146.07’
उत्तर प्रदेश‘2022941’‘5865.82’‘5762.65’
दिल्ली‘48015’ ‘112.12’‘108.63’
बिहार‘2525017’‘7611.54’‘7535.45’
असम‘160273’‘413.12’‘402.15’
सिक्किम‘3169’ ‘9.92’‘9.40’
अरुणाचल प्रदेश‘1864’‘4.81’‘4.72’
मणिपुर‘21441’‘55.40’‘54.42’
नागालैंड‘2172’‘6.86’‘6.55’
मिजोरम‘321’‘1.01’‘0.88’
वेस्ट बंगाल‘2002550’‘4939.17’‘4912.35’
त्रिपुरा‘119598’‘348.08’‘346.03’
झारखंड‘701087’  ‘1949.19’‘1925.40’
गुजरात”  ‘615126’‘2001.32’‘1992.52’
मध्य प्रदेश‘1256854’‘3578.59’‘3497.73’
छत्तीसगढ़‘339351’‘960.28’‘950.28’
महाराष्ट्र‘1697024’ ‘4541.56’‘4520.27’
उड़ीसा‘1772974’‘4760.39’‘4733.15’
तेलंगाना‘93453’‘204.05’ ‘186.67’
आंध्र प्रदेश‘193324’‘509.93’ ‘498.98’
तमिलनाडु‘2678037’‘8810.82’‘8791.58’
कर्नाटक‘1750715’‘4704.07’‘4694.33’
केरला‘683984’‘1970.86’‘1960.42’
गोवा‘11145’‘34.53’‘33.44’
पुडुचेरी”    ‘61653’‘205.94’‘205.37’
लक्षद्वीप‘121’‘0.47’‘0.45’
दमन एंड दिउ‘132’‘0.26‘‘0.16’
 “अंडमान एंड निकोबार आईलैंड‘121’‘0.31’‘0.30’
चंडीगढ़‘3886‘‘10.24’‘10.07’
दादर एंड नगर हवेली‘333’ ‘0.98’‘0.97’

Pradhan Mantri Mudra Financeकिशोर ऋण रिपोर्ट :

राज्यों के नामकुल लाभार्थियों की संख्याअनुमोदित की गई कुल राशि (in crores)वितरित की गई कुल राशि (in crores)  
 “जम्मू कश्मीर ‘94216’ ‘2076.69’ ‘2036.75’
 “लद्दाख ‘3910’ ‘81.56’ ‘936’
 “पंजाब ‘103939’ ‘1554.77’ ‘1454.62’
 “हिमाचल प्रदेश ‘23413’ ‘511.49’ ‘458.51’
 “हरियाणा ‘101895’ ‘1228.74’ ‘1162.32’
 “उत्तराखंड ‘29676’ ‘523.72’ ‘494.88’
 “दिल्ली ‘17725’ ‘318.49’ ‘303.80’
 “राजस्थान ‘242474’ ‘3093.78’ ‘3001.18’
 “बिहार ‘518211’ ‘5216.12’ ‘4472.94’
 “उत्तर प्रदेश ‘402439’ ‘5189.17’ ‘4915.72’
 “असम ‘32645’‘627.10’ ‘510.14’
 “सिक्किम ‘3169’ ‘9.92’ ‘9.40’
 “नागालैंड ‘2066’ ‘41.35’ ‘38.74’
 “अरुणाचल प्रदेश ‘482’ ‘12.47’ ‘11.36’
 “मिजोरम ‘703’ ‘14.10’ ‘13.08’
 “मणिपुर ‘3498’ ‘57.66’ ‘51.15’
 “वेस्ट बंगाल ‘316484’ ‘4337.28’ ‘4003.48’
 “त्रिपुरा ‘22941’ ‘285.32’ ‘267.74’
 “मध्य प्रदेश ‘239822’ ‘2966.79’ ‘2657.99’
 “झारखंड ‘136262’ ‘1443.83’ ‘1337.82’
 “छत्तीसगढ़ ‘65245’ ‘851.89’ ‘794.20’
 “गुजरात ‘132539’ ‘1776.20’ ‘1733.72’
 “महाराष्ट्र ‘305562’ ‘3811.85’ ‘3642.63’
उड़ीसा ‘216014’ ‘2292.63’ ‘2170.50’
 “तेलंगाना ‘45090’ ‘916.66’ ‘871.72’
आंध्र प्रदेश ‘153863’ ‘2497.46’ ‘2397.55’
 “तमिल नाडु ‘399401’ ‘4855.54’ ‘4735.03’
 “कर्नाटका ‘411211’ ‘4676.80’ ‘4582.86’
पुडुचेरी”     ‘12382’ ‘143.96’ ‘141.40’
 “केरला ‘180629’ ‘2058.39’ ‘1989.63’
 “लक्षदीप ‘218’ ‘5.38’ ‘5.32’
 “गोवा ‘5352’ ‘101.77’ ‘91.35’
 “दमन एंड दिउ ‘190’ ‘4.45’ ‘4.17’
 “अंडमान एंड निकोबार आईलैंड ‘465’ ‘13.71’ ‘13.45’
चंडीगढ़1’661’‘37.88’‘776’
दादर एंड नगर हवेली‘318’‘5.69’‘5.58’

Pradhan Mantri Mudra Financeतरुण ऋण रिपोर्ट :

राज्यों के नामकुल लाभार्थियों की संख्याअनुमोदित की गई कुल राशि (in crores)वितरित की गई कुल राशि (in crores)  
 “जम्मू कश्मीर‘16333’ ‘1198.50’ ‘1169.77’
 “लद्दाख‘4983’ ‘152.60’ ‘151.02’
 “पंजाब‘12806’ ‘1077.25’ ‘1005.47’
 “हिमाचल प्रदेश‘6061’ ‘506.10’ ‘476.73’
 “हरियाणा‘10333’ ‘805.15’ ‘759.52’
 “उत्तराखंड‘5428’ ‘455.53’ ‘432.96’
 “दिल्ली6720’ ‘559.75’ ‘525.24’
 “राजस्थान‘25811’ ‘2098.21’ ‘2020.19’
 “बिहार‘22539’ ‘1795.15’ ‘1599.76’
 “उत्तर प्रदेश‘44357’ ‘3997.22’ ‘3693.65’
 “असम‘6936’ ‘531.70’ ‘474.25’
 “सिक्किम‘272’ ‘23.14’ ‘20.66’
 “नागालैंड‘474’ ‘38.75’ ‘33.37’
 “अरुणाचल प्रदेश‘290’ ‘24.19’ ‘22.49’
 “मिजोरम‘246’ ‘20.54’ ‘18.76’
 “मणिपुर‘465’ ‘38.13’ ‘33.83’
 “वेस्ट बंगाल‘30099’ ‘2191.42’ ‘1973.36’
 “त्रिपुरा‘1031’ ‘75.37’ ‘69.90’
 “मध्य प्रदेश‘23082’ ‘1729.74’ ‘1542.45’
 “झारखंड‘9663’‘780.31’ ‘678.53’
 “छत्तीसगढ़‘8853’ ‘695.94’ ‘630.97’
 “गुजरात‘17001’ ‘1362.13’ ‘1284.30’
 “महाराष्ट्र‘36388’ ‘2940.71’ ‘2689.56’
उड़ीसा‘15051’ ‘1156.90’ ‘1039.99’
 “तेलंगाना‘15105’ ‘1122.92’ ‘1086.95’
आंध्र प्रदेश‘36624’ ‘2998.67’ ‘2884.86’
 “तमिल नाडु‘23906’ ‘2301.22’ ‘2226.89’
 “कर्नाटका‘27607’ ‘2139.41’ ‘2017.60’
 पुडुचेरी”    ‘525’ ‘38.49’ ‘37.06’
 “केरला‘14325’ ‘1232.81’ ‘1179.64’
 “लक्षदीप‘44’ ‘3.48’ ‘3.42’
 “गोवा‘5352’ ‘101.77’ ‘91.35’
 “दमन एंड दिउ ‘66’ ‘5.43’ ‘5.23’
 “अंडमान एंड निकोबार आईलैंड‘261’ ‘22.11’ ‘21.60’
चंडीगढ़‘776’‘65.66’‘60.40’
दादर एंड नगर हवेली‘122’‘10.52’‘10.23’

Pradhan Mantri Mudra Financeप्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस लोन yojana Helpline Number:

राज्य  फ़ोन नंबर
चंडीगढ़”     ‘18001804383’
महाराष्ट्र”    ‘18001022636’
राजस्थान”     ‘18001806546’
तेलंगाना”    ‘18004258933’
पश्चिम बंगाल”    ‘18003453344’
त्रिपुरा”  ‘18003453344’
पुडुचेरी”    ‘18004250016’
पंजाब”     ‘18001802222’
ओडिशा”   ‘18003456551’
छत्तीसगढ़”     ‘18002334358’
उत्तराखंड”     ‘18001804167’
नागालैंड”    ‘18003453988’
सिक्किम”     ‘18004251646’
उत्तर प्रदेश”    ‘18001027788’
मणिपुर”    ‘18003453988’
दिल्ली‘18001800124’
मध्य प्रदेश”    ‘18002334035’
कर्नाटक”     ‘180042597777’
गोवा”     ‘18002333202’
तमिलनाडु”    ‘18004251646’
मिजोरम”     ‘18003453988’
जम्मू और कश्मीर”     ‘18001807087’
हरियाणा”     ‘18001802222’
मेघालय”     ‘18003453988’
दमन और दीव”     ‘18002338944’
असम”     ‘18003453988’
दादरा नगर हवेली”     ‘18002338944’
झारखंड”     ‘18003456576’
आंध्र प्रदेश”     ‘18004251525’
लक्षद्वीप”   ‘4842369090’
बिहार”    ‘18003456195’
गुजरात”    ‘18002338944’
अरुणाचल प्रदेश”     ‘18003453988’
हिमाचल प्रदेश”     ‘18001802222’
अंडमान और निकोबार”     ‘18003454545’

प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस loan scheme से जुड़ें कुछ जरुरी तथ्य :

प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस yojana के तहत women को प्रदान किया गया loan :

 कुल accounts की संख्या (in crores)   कुल स्वीकृत राशि (in Rs. Lakh crore)
कुल ऋण                                32.11                                         17.00
स्त्रीयों को प्रदान किए गए ऋण   21.73                                       7.42
स्त्री उद्यमियों का प्रतिशत हिस्सा   68%                                         44%

28 करोड़  से भी अधिक लाभार्थियों को मिला प्रधानमंत्री मुद्रा फाइनेंस लोन yojana का लाभ

8 अप्रैल 2015 को, प्रधानमंत्री मुद्रा फाइनेंस लोन scheme के तहत हमारे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने उद्यमिता को अत्यधिक बढ़ावा देने के लिए इस yojana को लागू किया। Finance Ministry के अनुसार इस मुद्रा yojana के तहत  बैंक तथा वित्तीय संस्थानों से इस मुद्रा yojana के प्रारम्भ होने से अब तक कुल 28.81 करोड़ beneficiaries को कुल 15.10 लाख करोड़ रुपए तक का loan distribution किया है। 

इसकी जानकारी Finance Ministry के under आने वाले Financial Services Division द्वारा tweet के माध्यम से प्रदान की गई थी। इस scheme के under three categories में 10 लाख रुपए तक का guarantee free loan प्रदान किया जाता है। यह three categories शिशु, किशोर तथा तरुण है।

यह loan manufacturing, व्यापार एवं Service area और कृषि क्षेत्र से जुड़ी activities के लिए प्रदान किया जाता है।  प्रधानमंत्री मुद्रा फाइनेंसलोन yojana के under march 2020 के अंत तक करीब 9.37 करोड़ loan accounts चल रहे थे और इसके लिए करीब 1.62 लाख करोड़ रुपए तक का loan भी निश्चित किया गया ।

Pradhan Mantri Mudra Finance – FAQ :

1. क्या Prdhan mantra mudra loan subsidy प्रदान करता है?

जी  नहीं, mudra loan कोई subsidy प्रदान नहीं करता।

2. क्या college graduate mudra loan के लिए अप्लाई कर सकते हैं?

जी हां, college graduate mudra loan के लिए  अप्लाई कर सकते हैं बशर्ते कि पात्रता मानदंड और सभी आवश्यक दस्तावेज वैध हो। 

3. मैं एक टैक्सी खरीदना चाहता हूँ transportation of goods के लिए, क्या मैं mudra loan का लाभ उठा सकता हूँ?

हाँ, यदि आप transportation of goods के लिए टैक्सी खरीदना चाहते हैं तो आप mudra loan का लाभ उठा सकते हैं।   

4. Mudra Loan किस type का loan है?

Mudra Loan को term loan का एक प्रकार माना जा सकता है इसमें एक group या individual business के विस्तार, सूची की खरीद आदि के लिए loan ले सकता है।

5. बैंकों के अनुसार term loan की limit क्या है?

बैंकों के अनुसार अधिकतम ऋण राशि 10 लाख रु.तक है।

Pradhan Mantri Mudra Finance Kya Hai

6. क्या Mudra Loan के लिए ITR जरूरी है?

जी हाँ, अगर आप Mudra Loan के लिए apply करना चाहते हैं तो आपको last 2 years का ITR जमा करना होगा।

7. क्या Cibil score, Mudra Loan को प्रभावित करता है?

जी नहीं, यदि आप Mudra Loan के लिए apply करना चाहते हैं तो आपके Cibil score का इसपर कोई भी प्रभाव नहीं पड़ेगा।

8. Mudra Loan किस तरह के clients को target करता है?

Mudra Loan, Non-Corporate लघु व्यवसाय खंड पर target होते हैं जिसमें लाखों partnership firms और proprietorships शामिल हैं जो service sector units, छोटे उद्योगों, छोटी विनिर्माण units, सब्जी या फल vendors, मरम्मत की दुकानों आदि के रूप में काम करते हैं, urban और rural क्षेत्रों में।

9. मैं एक Women entrepreneur हूं और अपना खुद का boutique शुरू करना चाहती हूं। क्या mudra help मिल सकती है?

जी हां। आप Mahila Udyami Scheme द्वारा महिला उद्यमियों को दी जाने वाली special refinance scheme का अधिकतम लाभ उठा सकती हैं। Mahila Udyami Scheme , जैसा कि इसे कहा जाता है, NBFC या सूक्ष्म वित्त संस्थान से Mudra loan प्राप्त करने पर 0.25% की interest rebate प्रदान करती है।

10. अगर मुझे Mudra loan पाना है तो क्या pan card का होना जरूरी है?

Mudra loan पाने के लिए पैन कार्ड जरूरी नहीं है, लेकिन आपको financial institution द्वारा निर्धारित अन्य KYC guidelines को पूरा करना होगा।

Pradhan Mantri Mudra Finance Kya Hai

11. Mudra Bank से कौन उधार पा सकता है?

कोई भी individual या MSMEs जो small business चलाता है, वो सभी mudra loan के लिए apply करने के पात्र है।

12. विभिन्न organisation के लिए mudra loan की interest rates अलग-अलग क्यों?

mudra loan अ-सुरक्षित होते हैं क्योंकि loan प्राप्त करने के लिए किसी संपार्श्विक की जरूरत नहीं पड़ती। यही कारण है कि ब्याज दरें एक  organisation से दूसरे  organisation में भिन्न – भिन्न होती हैं क्योंकि

प्रत्येक organisation अपने आप risk factor की calculation करता है और उसी के अनुसार rates निर्धारित करता है।

13. मुद्रा application form कैसा कितने page का होता है?

Shishu Loans की starting category के लिए, 1 page का application form विधिवत तरीके से भरा और जमा किया जाता है। Kishor और Tarun के loan के लिए, 3page का application form जमा करना चाहिए।

14. मुद्रा ऋण application form कहाँ मिलेगा ?

आप मुद्रा website पर online application form पा सकते हैं। 

15. मुद्रा loan के लिए repayment criteria क्या है?

repayment के rules और regulations मध्यस्थ lender  organisation द्वारा अपने नियमों के अनुसार business के cashflow को ध्यान में रखते हुए decide की जाती हैं।

Pradhan Mantri Mudra Finance Kya Hai

16. क्या भारत में सभी bank MUDRA scheme के under आते हैं?

जी हां,Department of Financial Services ने सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों/ अनुसूचित वाणिज्यिक बैंकों और क्षेत्रीय ग्रामीण banks को “7-अप्रैल-2015” के बाद गैर-कृषि income सृजन activities के लिए वितरित 10 लाख रु तक के सभी loans को देने के लिए पहले ही सलाह दे दी है under MUDRA Scheme . DFS ने सभी Banks को इस scheme के तहत loan प्रदान करने और प्रति branch targets निर्धारितकरने का भी निर्देश दिया है।

17. क्या PMMY scheme अभी  active है?

जी हाँ, यह scheme “8 अप्रैल 2015” से पूरे देश में active है।

18. mudra scheme के तहत loan के लिए processing time कितना है?

कम राशि के Shishu loans साधारण तौर पर 7 से 10 दिनों के अंदर दे दिए जाते हैं, जबकि अन्य category  में lender से lender के लिए processing time अलग-अलग होता है।

19. क्या goods Vehicle  या taxies की purchase के लिए mudra loan ली जा सकती है?

जी हां, taxies, यात्री कार या small-goods transport vehicle की purchase के लिए mudra loan प्राप्त किया जा सकता है।  auto rickshaw की खरीद के लिए भी आसानी से loan लिया जा सकता है।

20. क्या  beauty parlour खोलने के लिए mudra loan  ली जा सकती है?

जी हाँ, mudra loan community या सामाजिक सेवा activities जैसे beauty parlour, सैलून, gym, सिलाई की दुकान, मोटरसाइकिल या साइकिल की दुकान, dry cleaning business, photocopying सुविधा, courier agencies तथा चिकित्सा दुकान की शुरुआत के लिए ली जा सकती है?

Pradhan Mantri Mudra Finance Kya Hai

21. food products sector में किन activities के लिए mudra loan प्राप्त की जा सकती है?

food products sector में निम्नलिखित व्यवसायों द्वारा mudra loan ली जा सकती है :

  • जैम बनाने की यूनिट्स 
  • अचार/ पापड़ बनाने की यूनिट्स 
  • मिठाई की दुकान   
  • कृषि उपज से जुड़ी सुविधाएं
  • कैंटीन/ खान पान सेवाएं   
  • कोल्ड स्टोरेज   
  • खाने के छोटे-छोटे स्टॉल
  • आइसक्रीम बनाने की सुविधा
  • बेकरी सुविधाएं
  • बर्फ बनाने वाली यूनिट्स 

22. Agricultural sector में किस प्रकार के business mudra loan प्राप्त कर सकते हैं?

MUDRA निम्नलिखित activities में शामिल business को loan प्रदान करता है जो livelihood को बढ़ावा देते हैं या income उत्पन्न करते हैं:

  • कृषि क्लीनिक
  • पशु
  • मधुमक्खी पालन
  • मुर्गी पालन
  • मछली पालन
  • कृषि व्यवसाय केंद्र   
  • मछली पकड़ना

23. क्या textile sector के business द्वारा mudra loan की benefits प्राप्त की जा सकती है?

जी हाँ, textile sector में निम्नलिखित business द्वारा mudra loan की benefits प्राप्त की जा सकती है:

  • कम्प्यूटरीकृत कढ़ाई यूनिट्स/ हाथ की कढ़ाई 
  • हथकरघा/ पावरलूम सुविधाएं
  • ज़री/ जरदोजी कार्य यूनिट्स 
  • चिकन कार्य यूनिट्स 
  • बुनाई यूनिट्स 
  • छपाई और कपड़ा रंगाई से जुड़ीं सुविधाएं
  • गैर-परिधान सामान जैसे की : बैग, फर्निशिंग एक्सेसरीज़ तथा Vehicle  एक्सेसरीज के उत्पादन से जुड़ीं सुविधाएं

 24. क्या non-farm income उत्पन्न करने वाले business द्वारा mudra loan के लिए पात्र हैं?

 जी हां, non-farm income उत्पन्न करने वाले business रु.10 लाख प्रति borrower तक की mudra loan का फायदा उठाते हैं। दुकानें, business Units और सेवा उद्यम उसी के example हैं।

Conclusion :

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा समय समय पर कई yojanas रखी गयी।  उन्हीं yojanas में से एक है Pradhan Mantri Mudra Finance.  प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस के जरिए सरकार ने छोटे तथा लघु व्यवसाय करने वाले उद्यमी के ऊपर विचार करते हुए उनकी help के लिए सरकार आगे आई है।  इस yojana में सरकार द्वारा करीब 10 lakh रुपए तक की धनराशि छोटे व्यवसायियों को लोन के तौर पर दी जाएगी। 

सरकार के इस yojana का लाभ अब शहरों के साथ साथ ग्रामीण लोग भी उठा रहें है। आप भी सरकार के इस असाधारण मुद्रा yojana का लाभ उठा सकते है और अपने व्यवसाय को काफी आगे बढ़ा सकते हैं। यहाँ मैंने प्रधान मंत्री मुद्रा फाइनेंस से जुड़ीं सारी जानकारियों  साथ सांझा किया है। इस पोस्ट Pradhan Mantri Mudra Finance से जुड़ें किसी भी तरह का सवाल यदि आपके मान में उठ रखा है तो कमेंट सेक्शन में जरूर पूछें। 

Google Pixel और Pixel Accessories की पूरी जानकारी |

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Google Pixel Ki Jankari. आज के समय हर किसी के मोबाईल में गूगल होता है और यदि आपको कोई भी जानकारी इंटरनेट से लेनी है तो आप गूगल के पास जरूर जाते हैं। लेकिन क्या आपको पता है की Google pixel आपके लिए smartphone, tablet, laptop और अन्य प्रोडक्ट भी बनाता है।

चूंकि इनके प्रोडक्टस थोड़े महंगे होते हैं इसलिए भारत में Google pixel के बारे में लोग कम जानते हैं। यदि आप भी Pixel के बारे में जानना चाहते हैं तो इस आर्टिकल के साथ बने रहें।

Google Pixel Ki Jankari – Google pixel क्या है.

Google pixel, इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस बनाने का एक ब्रांड है जो की स्मार्टफोन, टैबलेट, लैपटॉप तथा अन्य इलेक्ट्रॉनिक यंत्र बनाता है। इसे Google ने ही बनाया है तथा इनके लगभग सभी डिवाइस में एंड्रॉयड या Chrome OS का ही ऑपरेटिंग सिस्टम होता है।

इसे Pixel ब्रांड के नाम से जाना जाता है तथा इसकी पहली डिवाइस 21 फ़रवरी 2013 को लॉन्च हुई थी। वो एक लैपटॉप था जिसे chrome book pixel 2013 के नाम से जाना जाता है।



Google pixel के स्मार्ट फोन और उनका प्राइस

गूगल ने पहला स्मार्टफोन 2016 में लॉन्च किया और तभी से हर साल pixel एक नए स्मार्टफोन को लॉन्च करता है। इसके सभी फोन में एंड्रॉयड का ऑपरेटिंग सिस्टम होता है तथा उसे नए एंड्रॉयड वर्ज़न में अपग्रेड भी करने का ऑप्शन मिलता है।

चलिए अब pixel के सभी smartphone के बारे में संक्षेप में जानकारी लेते हैं-

Pixel और Pixel XL

Google ने Pixel और Pixel XL इन दोनों स्मार्टफोन को 4 अकतूबर 2016 को लॉन्च किया। इसके कैमरा को काफी ज्यादा महत्त्व दिया गया और इसने उस समय best smartphone camera के लिए अपना जगह बना लिया।

इनमें क्रमशः 5.0’’ AMOLED तथा 5.5’’ AMOLED डिस्प्ले था, 2770 mAh और 3450 mAh की बैटरी तथा 32 GB और 128 GB storage है। इन दोनों में Qualcomm Snapdragon 821 प्रोसेसर, 4 GB रैम तथा Android 7.1 Nougat का ऑपरेटिंग सिस्टम था जिसे android 10 तक अपग्रेड किया जा सकता है।

Pixel 2 और Pixel 2 XL

इन दोनों स्मार्टफोन को गूगल ने 4 अकतूबर 2017 को लॉन्च किया। Pixel 2 में 5.0’’ AMOLED डिस्प्ले, 64 GB storage, 4 GB रैम, Qualcomm Snapdragon 835 प्रोसेसर तथा 2700 mAh बैटरी है।

Pixel 2 XL में 6’’ P-OLED डिस्प्ले, 128 GB storage, 4 GB रैम, 3520 mAh की बैटरी तथा Qualcomm Snapdragon 835 प्रोसेसर है।

इन दोनों में Android 8.0 Oreo का ऑपरेटिंग सिस्टम है तथा इसे android 11 में अपग्रेड किया जा सकता है।

Pixel 3 और Pixel 3 XL

इन दोनों स्मार्टफोन को गूगल ने 9 अकतूबर 2018 को लॉन्च किया। इन दोनों में 4 GB रैम, Qualcomm Snapdragon 845 प्रोसेसर तथा Android 9 Pie का ऑपरेटिंग सिस्टम है जिसे android 12 तक अपग्रेड किया जा सकता है।

Pixel 3 में 5.5’’ OLED डिस्प्ले, 64 GB storage, 2915 mAh बैटरी उपलब्ध है तथा Pixel 3 XL में 6.3’’ OLED डिस्प्ले, 128 GB storage 3430 mAh की बैटरी उपलब्ध है।

Google Pixel Ki Jankari – Pixel 3a और Pixel 3a XL

इन दोनों स्मार्टफोन को गूगल ने 7 मई 2019 को लॉन्च किया। इन दोनों स्मार्टफोन के फीचर पिछले वाले के जैसे ही थे लेकिन इसे उससे थोड़ा सस्ता किया गया। इन दोनों में 4 GB रैम, 64 GB storage, Qualcomm Snapdragon 670 प्रोसेसर तथा Android 9 Pie का ऑपरेटिंग सिस्टम है जिसे एंड्रॉयड 12 तक अपग्रेड किया जा सकता है।

Pixel 3a में 5.6’’ OLED, 3000 mAh बैटरी तथा Pixel 3a XL में 6’’ OLED डिस्प्ले और 3700 mAh बैटरी उपलब्ध है।

Pixel 4 और Pixel 4 XL

इन दोनों स्मार्टफोन, Pixel 4 और 4 XL को गूगल ने 15 अकतूबर 2019 को लॉन्च किया। इन दोनों में Qualcomm Snapdragon 855 प्रोसेसर, 6 GB रैम और Android 10 ऑपरेटिंग सिस्टम है।

Pixel 4 में 5.7’’ OLED डिस्प्ले, 64 GB storage तथा 2800 mAh बैटरी है। Pixel 4 XL में 6.3’’ OLED डिस्प्ले, 128 GB storage तथा 3700 mAh की बैटरी है।

Pixel 4a और Pixel 4a (5G)

ये दोनों स्मार्टफोन pixel 4 और 4 XL से मिलते जुलते तथा उनसे कम बजट के बनाए गए ताकि कम पैसे वाले लोग भी इसे खरीद सकें। गूगल ने pixel 4a को 3 अगस्त 2020 तथा Pixel 4a (5G) को 30 सप्टेंबर 2020 को लॉन्च किया।

इन दोनों स्मार्टफोन में 128 GB storage तथा 6 GB रैम है। Pixel 4a में 5.8’’ OLED डिस्प्ले, Qualcomm Snapdragon 730G प्रोसेसर, 3140 mAh की बैटरी तथा Android 10 ऑपरेटिंग सिस्टम मिलता है जिसे एंड्रॉयड 12 तक अपग्रेड किया जा सकता है।

वहीं Pixel 4a (5G) में 6.2’’ OLED डिस्प्ले, Qualcomm Snapdragon 765 प्रोसेसर, 3800 mAh की बैटरी तथा Android 11 का ऑपरेटिंग सिस्टम है जिसे android 12 तक अपग्रेड किया जा सकता है।

Pixel 5

गूगल ने इसे 30 सप्टेंबर 2020 को लॉन्च किया। इसमें 6.0’’ OLED डिस्प्ले, 128 GB storage, 8 GB रैम, Qualcomm Snapdragon 765G प्रोसेसर, 4080 mAh की बैटरी तथा Android 11 ऑपरेटिंग सिस्टम है जिसे एंड्रॉयड 12 में अपग्रेड किया जा सकता है।

Pixel 5a

इस स्मार्टफोन को गूगल ने 17 अगस्त 2021 को लॉन्च किया। इसमें 6.34’’ OLED डिस्प्ले, Qualcomm Snapdragon 765G प्रोसेसर, 128 GB storage, 6 GB रैम, 4680 mAh की बैटरी तथा android 11 ऑपरेटिंग सिस्टम है जिसे android 12 में अपग्रेड किया जा सकता है।

इसके बाद गूगल ने Pixel 6 और Pixel 6 pro लॉन्च किया जिसके बारे मे जानकारी नीचे दी गई है।

Google pixel 6 और pixel 6 pro

इन दोनों स्मार्टफोन को गूगल ने 19 अकतूबर 2021 को लॉन्च किया और इसमें पहले के स्मार्टफोन की तुलना में काफी बदलाव देखने को मिलता है। लेकिन भारत में अभी तक ये लॉन्च नहीं हुआ है और शायद हो भी ना लेकिन amazon पर उपलब्ध है।

Pixel 6 में 6.4’’ का OLED डिस्प्ले, Google Tensor का प्रोसेसर, 8 GB रैम, 4614 mAh की बैटरी तथा Android 12 का ऑपरेटिंग सिस्टम उपलब्ध है। स्टोरेज के आधार पर Pixel 6 के भी दो variant उपलब्ध हैं जो कि 128 GB तथा 256 GB storage के हैं।

अलग-अलग देश में इनकी प्राइस भी अलग-अलग है, भारत में amazon पर इन दोनों की प्राइस क्रमशः 63000 रुपये तथा 77600 रुपये है।

Pixel 6 Pro में – 6.7’’ LTPO OLED डिस्प्ले, 12 GB रैम, 5003 mAh बैटरी, Google Tensor का प्रोसेसर तथा Android 12 का ऑपरेटिंग सिस्टम है। इसमें तीन प्रकार के storage- 128, 256 और 512 GB उपलब्ध हैं।

भारत में amazon पर इनकी प्राइस क्रमशः 102000 तथा 117300 रुपये है। 512 GB storage वाला स्मार्टफोन अभी यहाँ उपलब्ध नहीं है।

Google Pixel Ki Jankari – Google pixel के लैपटॉप

गूगल ने भी चार प्रकार के लैपटॉप लॉन्च किए हैं। इनमें Chromebook Pixel 2013 और 2015 तथा Pixelbook और Pixelbook Go हैं। इन सभी लैपटॉप में Chrome OS का ऑपरेटिंग सिस्टम है, चलिए अब इनके फीचर्स जानते हैं।

Chromebook Pixel (2013)

गूगल ने इस Chromebook Pixel लैपटॉप की घोषणा 21 फ़रवरी 2013 को। इसमें 12.85’’ का डिस्प्ले है जिसका रेसोल्यूशन 2560×1700 pixel है। इसमें 3rd जनरेशन का intel core i5 प्रोसेसर है।

इसमें 32GB का internal storage तथा 3 वर्ष के लिए 1 TB, Google का drive storage मिलता है। इसके अलावा इसमें 4 GB रैम तथा 59 Wh की बैटरी मिलती है।

यदि इसके कनेक्शन की बात करें तो इसमे multi card reader, headphone और microphone jack और दो USB 2.0 ports मिलते हैं।

Chromebook Pixel (2015)

ये Chromebook का second generation का लैपटॉप था। 11 मार्च 2015 को Google ने इसकी घोषणा की। इसमें 5th generation का intel Core i5 या i7 प्रोसेसर का इस्तेमाल किया गया।

इसमें दो प्रकार के storage variant उपलब्ध थे , एक 32 GB और दूसरा 64 GB तथा रैम भी 8 GB या 16 GB के उपलब्ध थे। इसमें 72 Wh की बैटरी थी। इसमें एक USB-C पोर्ट तथा दो USB 3.0 पोर्ट उपलब्ध थे।

इसके अलावा इसमें वो सभी फीचर्स थे जो इसके पिछले पीढ़ी वाले Chromebook लैपटॉप में थे। 29 अगस्त 2016 को Google ने इसे बंद कर दिया।

Pixelbook

ये Pixelbook का first generation लैपटॉप है तथा इसे गूगल ने 4 अकतूबर, 2017 को लॉन्च किया। इसमें 12.3’’ का डिस्प्ले है जिसका resolution 2400×1600 pixel है तथा ये touchscreen था।

ये प्रोसेसर के आधार पर दो प्रकार के variant में उपलब्ध है – इसमें 7th generation का Intel Core i5 या i7 प्रोसेसर उपलब्ध है। इसमें रैम भी 8 GB या 16 GB उपलब्ध है। इस pixelbook में तीन तरह का storage variant उपलब्ध है 128 GB, 256 GB और 512 GB.

Pixelbook Go

इस लैपटॉप के बारे में गूगल ने 15 अकतूबर 2019 को घोषणा की तथा ये touchscreen था। इसमें 13.3’’ का डिस्प्ले है तथा इसका रेसोल्यूशन 1920×1080 या 3840×2160 pixel में उपलब्ध है। इसमें 8th जनरेशन (Amber Lake) का Intel Core m3, i5 या i7 प्रोसेसर लगा हुआ है।

इसमें भी तीन प्रकार के internal storage variant 64, 128 और 256 GB उपलब्ध है। इसमें दो प्रकार के रैम 8 GB या 16 GB उपलब्ध है। इसके अलावा इसकी बैटरी भी 47 Wh और 56 Wh के variant में उपलब्ध है।



Google Pixel Ki Jankari – Google pixel के टैबलेट

अभी तक Google ने दो tablet लॉन्च किया है, Pixel C औरPixel Slate. इसमें Pixel C को 29 सप्टेंबर, 2015 और Pixel Slate को 9 October, 2018 को इनकी घोषणा की गई।  अब चलिए इनके फीचर्स के बारे में जानते हैं।

Pixel C

इस टैबलेट में एक USB C पोर्ट तथा 3.5 mm का headphone jack देखने को मिलता है। इसे शुरू में Android 6.0.1 Marshmallow ऑपरेटिंग सिस्टम के साथ लॉन्च किया गया तथा बाद में इसमें Android 7 Nougat और android 8 Oreo लाया गया।

इसमें 10.2’’ का डिस्प्ले है जिसका रेसोल्यूशन 2560×1800 pixel है। इसमें NVIDIA Tegra X1 का ऑपरेटिंग सिस्टम है तथा 3 GB का रैम उपलब्ध है।

इसमें 9000 mAh की non-removable बैटरी तथा 32 या 64 GB का internal storage उपलब्ध है। इसके अलावा इसमें 8 MP का rear camera तथा 2 MP का front camera उपलब्ध है।

इसमें connectivity के लिए एक ही में headphone या microphone jack तथा वायरलेस के लिए Bluetooth 4.1 तथा Wi-Fi उपलब्ध है।

Pixel Slate

ये 2-in-1 tablet और laptop था यानि की इसे लैपटॉप और टैबलेट दोनों की तरह इस्तेमाल किया जा सकता है। इसमें 12.3’’ का डिस्प्ले है तथा इसमें LTPS LCD और Gorilla Glass भी मिलता है।

इसमें Intel प्रोसेसर का इस्तेमाल किया गया है चूंकि इसके भी कई variant उपलब्ध हैं इसलिए इसमें Celeron से लेकर Core i7 के आठवीं जनरेशन तक के प्रोसेसर का इस्तेमाल किया गया है।

इसमें दो USB C पोर्ट दिए गए लेकिन headphone jack नहीं था। इसमें Chrome OS का ऑपरेटिंग सिस्टम था। इसमें कई प्रकार का storage variant 32, 64, 128 तथा 256 GB उपलब्ध था।

इसके अलावा इसमें 4, 8 और 16 GB के रैम उपलब्ध हैं। इसमें 48 Wh की बैटरी मिलती है तथा इसमें fingerprint sensor, accelerometer, ambient light sensor आदि चीजें थीं। 20 जनवरी 2021 से इसे बनाना बंद कर दिया गया।

Pixel Accessories की पूरी जानकारी – Pixel के अन्य accessories

गूगल अपने Pixel डिवाइसेस के साथ-साथ और भी accessories बनाता है जिसे इन डिवाइसेस के साथ इस्तेमाल किया जा सके। Pixel के devices खरीदने पर आपको ये accessories मिलती हैं तथा आप इन्हें अलग से खरीद सकते हैं।

इनमें Pixel Buds जो की एक wireless earbud है, Pixelbook Pen जो की एक तरह का पेन है जिसे touchscreen पर इस्तेमाल किया जाता है तथा Pixel Stand जिसे Google ने 2018 में लॉन्च किया था। इसे wireless charging के लिए इस्तेमाल किया जाता है।

Pixel stand में 5 वाट Qi वायरलेस चार्जिंग के साथ 10 वाट का वायरलेस चार्जिंग भी मिलता है।

निष्कर्ष:

गूगल पिक्सेल बहुत सारी डिवाइसेस बनाता है जिसके बारे में हमने विस्तार से जानकारी दी है। अभी हाल ही में इसके Pixel 6 और Pixel 6 Pro स्मार्टफोन लॉन्च हुए हैं जो काफी चर्चा में है। लेकिन ये भारत में आधिकारिक तौर पर लॉन्च नहीं हुआ है फिर भी आप इसे amazon से खरीद सकते हैं।

हमने इस लेख Google Pixel Ki Jankari Pixel के सभी स्मार्टफोन, लैपटॉप तथा टैबलेट की जानकारी दी है। यदि आप इनके बारे में और अधिक जानना चाहते या आपका कोई सवाल है तो कमेन्ट करके पूछ सकते हैं।

हम अति शीघ्र आपके सवाल का जवाब देने की कोशिश करेंगे तथा Pixel से संबंधित आने वाले डिवाइसेस की और जानकारी भी साझा करेंगे।

How To Setup And Use Virtual Desktop On The Oculus Quest 2.

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How To Setup And Use Virtual Desktop On The Oculus Quest 2. If you want to play in virtual reality, you need an Oculus Quest 2. It is the most innovative all-in-one VR system. From multiplayer to unique social experiences to meeting up with some friends at a live show or working out with an instructor, Quest 2 gives you more ways to meet and connect with people in VR.

What is Oculus Quest 2?

For one thing, the Quest 2 is a stand-alone device that lets you get to everything that makes virtual reality unique and worth your time. It brings high-quality virtual reality experiences to your front room at a fair price with a bit of setup.

The Quest 2 lets you go inside gaming worlds and see 360-degree videos and apps from various games. People who aren’t very tech-savvy can still have a good time with this. Once they get used to it, they can have fun with it (VR-induced motion sickness is actual).

How To Setup And Use Virtual Desktop

There are two versions of the Oculus Quest VR headsets. The second one is called the Oculus Quest 2. It is like the original Oculus Quest because it’s a battery-powered headset that lets you move freely in both natural and virtual worlds without fear of tripping over a wire.

What is Virtual Desktop (VR)?

Using a virtual desktop is like having a pre-made image of an operating system and applications. The desktop environment is not connected to the physical device used to access it. Users can access their virtual desktops from anywhere on a network.

As a laptop, smartphone, or tablet, any device can be used to get to a virtual desktop. The virtual desktop provider gives an endpoint device that is part of virtual desktop software. The end-user then interacts with that software on that device.

When you use a virtual desktop, it looks and acts like a real workstation. It can be even better than a real workstation because powerful resources like storage and back-end databases are always available.

In some cases, users may not save their changes or permanently install apps. It is because the virtual desktop is set up in different ways. Users see the same thing on their desktop every time they log in, no matter what device they are using to get to it.

The following is a list of different types of virtual desktops.

There are many different types of virtual desktops and ways to virtualize desktops. With host-based virtual machines, each user gets their virtual machine when they log in. If the user has persistent desktop technology, they can customize their desktop by connecting to the same VM each time they log in.



A host-based machine can also be a physical machine that runs an operating system that people can access from afar.

A virtual machine can also be client-based, which means that the operating system runs on the endpoint itself. People who use this type of virtual desktop don’t need to have a network connection to get to the desktop.

Virtual desktop infrastructure (VDI) is a type of desktop virtualization that allows desktop workstation or server operating systems to run on virtual machines that run on on-premises servers. This type of virtualization is called desktop virtualization.

The user sees and hears the operating system and applications on an endpoint device as if they were running independently. It is called “desktops as service.” A service provider hosts VDI workloads in the cloud and provides apps and support for business users who want to use desktops.

To answer this question: What is the point of having a virtual desktop?

A virtual desktop lets users access their desktop and apps anywhere on any endpoint device. IT organizations can set up and manage these desktops from a central data centre, where they are set up and worked.

Many businesses move to a virtual desktop environment because a single person usually runs virtual desktops, so updates and apps don’t have to be installed on individual machines. Also, endpoint machines can be less powerful because most of the work is done in the data centre.

It is essential to know how to use virtual desktops.

Virtual desktops are just as easy to use as physical desktops, and they work just as well. Users log in to their desktop from any device and connect to a virtual machine that shows the desktop on the endpoint device.

If you want to use an app, you can use it the same way you would on an actual desktop. Depending on which desktop virtualization technology they are using, users may or may not be able to personalize or save data on a virtual desktop that they use.

How Virtual Desktop Works With Oculus Quest 2

As with setting up everything, Virtual Desktop on the Oculus Quest 2 has a few essential things users need to do before going further with it. Hold on a little longer and read the rules below for those who aren’t afraid to do so.

How To Setup And Use Virtual Desktop

Virtual Reality-ready PC

A virtual desktop is a piece of software that lets you see your entire desktop on a screen that looks just like your own. You can use it to browse the web and play VR games of all kinds. Because of this, you will need hardware that can play and stream all of these things simultaneously. Feel free to check out Facebook’s Quest 2 compatibility page to get a better idea of what your computer needs to be able to play. If you think you can meet these rules, keep reading.

Pre-installed Oculus Software

When you use Facebook’s official software, Oculus Link (Free), you can connect a Quest 2 headset to a computer in a wired and wireless way. We should download and set up the software before we start so that way we can begin. If you have an Oculus Quest 2, we’ve already done the work for you and made a guide that shows you how to play SteamVR games on your Oculus Quest 2.

It will also come in handy if you want to play Steam games on your Quest 2. Make sure you have that set up and ready to go before starting. Please take a look at it and learn how to set up Oculus Link quickly.

The PC is connected to a 5GHz router.

Virtual desktop, which runs on a computer, also needs a fast and reliable Internet connection to work well. The official Virtual Desktop page on the Oculus Quest store says that you need a 5Ghz AC Wi-Fi Router to use the virtual desktop.

Also, this router must get connected to your computer with an Ethernet cable for the connection to be smooth. It’s also essential that your PC and the Oculus Quest 2 link to the same Wi-Fi network. Before you move on, think about this.

How To Setup And Use Virtual Desktop

Fully Charged Quest 2

The Oculus Quest 2 will be wireless instead of hooked up, so we’ll need a lot of battery power to play games from Virtual Desktop and stream movies from the Oculus Quest 2. Make sure your headset is fully charged, so you don’t have to reach for the plugin in the middle of your game.

Set up and use a virtual desktop on Oculus Quest 2

We need to know the essential things about setting up a virtual desktop for the Oculus Quest. It’s important to know that you will need to download a virtual desktop on your PC and your Oculus Quest 2. So that VD is a paid app, you’ll first need to buy it from the Oculus Store that comes with your VR headset.

Take Virtual Desktop ($19.99) from here and put it on your Quest 2. Then you can use it to work. Afterwards, please keep reading to learn how we first set it up on our PC.



The process of setting up a virtual desktop on a PC

If you want to start, you can download and install the Virtual Desktop Streamer app (Free) on your computer first. This app will be the one that sends your computer screen to the Oculus Quest 2. According to your platform, click on the link and let it download and then open it—Shadow the steps below to set up and use the virtual desktop on the Oculus Quest 2.

When you start Virtual Desktop, you will see a screen that asks you for your Oculus Username. On your Quest 2, this is not your email address. It is the name you use. If you’re still unsure, put on your headset and look at the Quick Settings tab to see the person’s name. That should be in the VD text box. Then, click Save.

The screen will show up when your username is set up, and you’ll see it. And that’s all there is to set up a Virtual Desktop on your PC. Right? It would help if you kept VD running in the background while reading this. Then, set up the same thing on your Quest 2.

Once we set up Virtual Desktop on our PC and bought the same on Oculus, we needed to connect them. It is the last step—startup Virtual Desktop on your Quest 2. Here are the actions you need to do next.

In the beginning, you’ll go through a short tutorial that will show you how the interface works.

Make sure your computer is plugged into the Oculus Quest 2 in the computer tab. If you can’t or don’t connect even after you try, that means your network isn’t strong enough. Even though our temporary network isn’t very stable, we can still stream, as you can see below. The following things should be in your ideal connection to make sure you have a great time:

It should be easy for you to stream and play Virtual Desktop on your Oculus Quest 2 if your connection has the right amount of speed.

How To Setup And Use Virtual Desktop

When you set up a virtual desktop, you can choose how

Let’s also go over some Settings to get used to the way things work. If you have the proper hardware and network, Virtual Desktop would have already set the correct settings for you by default. The two most important locations are the two that are on the bottom of this page.

VR Graphics are good.

We can’t blame our computer because it’s the one that does most of the work. It means that the GPU power will come from our computer. Make sure that you choose the right setting for your GPU. You can even make a little change. On the other hand, VD makes the job easier by giving examples. Our PC has an RTX 3070, so we chose High instead of Medium.

VR Bitrate

The VR Bitrate setup goes well with the above setting for people who want the best possible picture quality. Keep in mind that the latency (lag) itself might worsen if you turn up this setting.

Besides the rest of the settings, you can play around with them to get a unique experience that fits you. We also found that the standard VD settings worked great for us. We think it’s best to start with them and only change them if you have problems.

Summary

That’s about it! To play games on your Quest 2, you need to set up the Virtual Desktop app. In the Games tab, click the start button for one of your favorite games. Then, you can play the game on a virtual desktop. With this, I’m done. Make sure your Oculus Quest 2 is ready to go before starting the game.

You can connect to the PC with Airlink, Cable, or Virtual Desktop. Vivecraft will start when Steam VR is running on your computer. Then, go back into the Minecraft launcher and start Vivecraft. Congratulations. If you have an Oculus Quest 2, you can now play Minecraft in VR on your PC.

Why Is My Phone Not Charging? Some Fixes You Can Try.

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Why Is My Phone Not Charging? In most cases, you don’t think about how you charge your phone. You plug in the cord and walk away until your phone doesn’t charge. As you look at your phone, you wonder, “hold on a second, why isn’t it charging?”

Fortunately, you don’t have to go to a service centre right away if this happens because many specific things could be the problem. If you plug your phone in at home and it doesn’t charge, you can often determine why.

In what situations can my phone stop charging?

Having your phone not charge whatsoever can be significant pain. Most people do first when they have a problem is going to the service centre. It should be the last thing you do, though, because the solution could be much easier than you think.

Why Is My Phone Not Charging

Users can get scared when their phones get hot, don’t charge, or don’t charge at all. A phone that won’t set doesn’t mean that your device is dead or the charger has broken. The chances are that there is nothing mistaken with your hardware that can’t fix with a little bit of work.

If your Android phone won’t charge, here are the ten things you can do to fix it.

1. One way to do this is to restart your phone.

Turn your phone off and back on a few times before you look up “why won’t my phone charge” on Google. Most of the time, the reason your phone won’t charge while it’s plugged in is because of a simple connection problem. To ensure that a temporary malfunction isn’t to blame, you should always start by rebooting.

It’s possible that restarting your phone could stop all background services and solve your mobile charging problem, but it’s not sure. If one of your phone’s most essential parts has broken while doing a job, restarting your phone will also fix that part. Hold down the power button while tapping the Restart button to make a quick reboot. If your phone starts to charge again after a reboot, your problem has been solved.

2. Put your phone into safe mode and see if it helps.

As a further step, if your phone continues to not charge after a reboot, consider booting your phone into safe mode. Safe mode is essentially a sandboxed environment where your phone can only run the apps pre-installed on it when purchased. It implies that any third-party applications you have downloaded will not operate in safe mode.

Why Is My Phone Not Charging

Assuming that you can charge your phone while in safe mode, you may be sure that a third-party service is to blame. Once you’ve determined that this is the source of the issue, have a look at any applications you’ve lately downloaded. One of these possibilities might be the source of your charging problems.

It’s a good idea to remove current programs and those you don’t trust or haven’t used in a while. After that, restart your phone, as usual, to check whether it charges appropriately.

Press and hold the power button on most new Android phones for a long time to get into safe mode. Press the Power off switch in the following prompt until the prompt disappears. Following your acceptance of the quick, your phone will resume in safe mode shortly after. Simply restarting your phone will get you out of the safe way.

Given that not all Android skins work in the same manner, the procedure may alter depending on your phone’s operating system. Then, if the techniques here don’t work, you may want to check out the help page for your device or look up the button combination for safe mode on Google.



3. Change the cable, socket, or adapter you’re using.

Is your phone not charging? If you’re still going to tear your hair out, it’s time to check your charging cord. It’s possible that your charging cable has a loose wire, that your adapter has malfunctioned, or that the socket it’s hooked into is not transmitting the electricity correctly.

Using an alternative cable, adapter, or power source to charge your phone can help to rule out the possibility of a damaged line. Connecting your phone to a computer through USB is the quickest and most straightforward approach to determine if the cord is to fault for your problems.

Suppose your phone can charge via a computer. In that case, you may reduce the scope of the investigation to the adaptor and socket. If an alternate cable proved effective, consider purchasing a new one. Purchase authentic, first-party accessories or those from reputable third-party brands, which we strongly advise.

4. Check to Make Sure It Isn’t a Software Bug.

If your phone does not charge even though it is charging, or if your phone does charge, but there is no charging symbol displayed, this might be due to a software fault. One can download a simple app called Ampere to your phone, which will inform you whether or not any electricity is being sent to it.

It’s a simple program that enables you to see how much current is being used by your phone at any one moment, whether it’s for charging or discharging. Apart from that, Ampere has a few additional functions that you could find helpful. If your phone’s battery is healthy, the available voltage and the current temperature are all shown on this screen for your convenience.

If you don’t want to install the Ampere app, you may also try turning off your phone and then inserting the charging cord to see if the issue persists, as described above. If your phone is getting electricity, the charging symbol will appear on the screen, and the screen will flash.

5. Ensure that the charging port is clean.

If the Ampere app indicates that no charge is being delivered to your phone, debris in your charging port might be the source of the problem. Dust particles may rapidly gather in the charging inlet and interfere with your phone’s ability to connect to a power source, causing it to stop charging.

Why Is My Phone Not Charging

Examine your phone’s charging port and, if you find a buildup of grit or other debris, clean it out immediately. It is readily accomplished by gently cleaning the affected region with a dry cotton swab. Please do not use excessive force when inserting anything into your charging plug; keep it light and gentle.

Use a flashlight to thoroughly investigate the area within your port to understand better what is going on. Suppose you see any foreign material caught inside. In that case, you may clear it out using a SIM ejector tool or a toothpick to get it completely clean. After thoroughly cleaning your phone’s charging port, try charging your phone again.

6. Check to See Whether Your Case is Compatibility

Ports and buttons are not always precisely cutouts in certain circumstances. Consequently, adjusting the buttons and plugging a charger into the port become cumbersome. If the connector cannot establish a secure connection, remove the case and try again.

If you want to charge your iPhone using a Qi wireless charger, be sure that the case you’re using is compatible with wireless charging. Suppose you use a magnetic case, a ring holder case, or a heavy-duty case. In that case, the issue may be with your cover rather than with your iPhone.

7. Is It Possible That Your Phone Has Water Damage?

Water and electricity do not mix, and even water-resistant smartphones need specific attention to ensure that they remain impermeable for long periods. If your phone has been wet and you are now asking why it isn’t charging, water is probably the source of the problem.

If there is a danger of water damage, you should avoid charging your phone at all costs. First and foremost, you must ensure that your phone’s internals is entirely dry.

There are a variety of approaches to saving a phone that has been dropped in water. You may use a hairdryer to blow hot air into it, place it in a bowl of rice, or experiment with other approaches. The only catch is that you’ll have to wait at least a day before you can plug your phone back in again.

After 24 hours of drying, try connecting your phone to a power outlet to see what happens. After the connections are dry, the device may begin charging again.

8. Try to go back to an older version of your Android’s software.

If you have an old phone and have recently upgraded your software, your phone may be charging. It’s simply that the new operating system consumes so much of your phone’s battery that it can’t keep up with the demands of the new OS. Also, a possibility is that your phone is not charging for the flaw in the latest software.

Why Is My Phone Not Charging

In either case, the remedy is to roll back the software upgrade, restart your phone, and then check to see whether the charger is still functional. If this is the case, you will need to wait until a fix for the update problem is released. Or you will need to keep your phone running on the previous operating system until you can upgrade.



9. Pay a visit to a Service Center.

If nothing is working, take your phone to a service centre and talk to a specialist about why it won’t charge. Suppose they can uncover a flaw you have overlooked or detect a hardware malfunction. In that case, they are likely to be successful. The best-case scenario is that your phone is still covered by its warranty, so you won’t have to pay for a repair or a new one. Otherwise, you may be required to pay for the relief of whatever component has failed.

10. Replace the battery if necessary.

Most current phones do not have this option since the batteries are permanently integrated into the shell. However, if you have a gadget that has a replaceable battery, switching it out for a new one could be the best option in this case.

Batteries gradually lose their capacity to store a charge over time. It is usually a gradual process, although it can have a rapid failure. Try to borrow a mobile phone from a friend or even go into a mobile phone store and politely inquire if you may test your idea. It will prevent you from spending money you don’t have to.

What to do if the phone is charging but the battery percentage is not increasing?

You don’t have to throw away the phone because it has a certain amount of battery left. When your work isn’t done on time, it can be tricky. The phone can still help you for a little longer. It is where I’ll give you a few free suggestions on fixing the percentage of battery life on your cell phone.

  • Shop for a new battery or charger

One of the things you should think about right away is getting a new battery in a certain amount. Every battery has a life expectancy when it is charged. Your battery might not last as long anymore, so a new one is bought.

If you have a lot of money, buy a new charger with a battery so you can enjoy it while it lasts.

  • Visit an Expert Tech

If your phone doesn’t charge because of technical problems, you’ll need the help of a professional. Professional technicians can help you get your battery percentage up when you plug it in.

End Notes

Above mentioned are some of the most common reasons your battery won’t charge. It is important to remember that a battery that isn’t properly cared for can cause your device to explode, which can be very dangerous. Never buy cheap chargers or cables that you can get for a reasonable price on the internet. I think it’s better to stick with brands that have been proven to be safe.

During the night, make sure you don’t charge your phone. It could cause it to overheat and explode again. Keeping these simple points in mind can help you deal with your phone not setting and battery-related problems with ease. For iPhone users, there are a few specific things to try when their phones don’t charge even after they try the solutions here.

Best Whiteboard Animation Software-Free And Paid In Hindi.

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Best Whiteboard Animation Software. एनिमेशन विडिओ का क्रेज प्रतिदिन बढ़ता ही जा रहा है और जैसे-जैसे इंटरनेट की उपलब्धता बढ़ रही है वैसे ही विडिओ कंटेन्ट का काफी अधिक उपभोग किया जा रहा है। ऐसे में white board animation software की मदद से बनाए गए एनिमेशन विडिओ काफी मशहूर हो रहे हैं।

वैसे तो एनिमेशन विडिओ कई प्रकार के होते हैं लेकिन आज हम इस लेख में white board animation के बारे में बात करने वाले हैं तथा इसके कुछ software के बारे में भी जानेंगे जिनकी मदद से आप एनिमेशन विडिओ बना सकते हैं। इसमें कुछ फ्री तथा कुछ पेड सॉफ्टवेयर हैं।

White board animation software क्या है? इससे क्या होता है?

ये एक तरह का सॉफ्टवेयर है जिसके इस्तेमाल से हम एनिमेशन के रूप में विडिओ बना सकते हैं। इसमें whiteboard पर कुछ तस्वीरें बना ली जाती हैं तथा उसके बाद उसके साथ आवाज रिकार्ड करके उस इमेज का वर्णन करते हुए उसे एनिमेशन विडिओ का रूप दे दिया जाता। इसके इस्तेमाल से कहानी तथा अन्य बातों को काफी अच्छे तरह से चित्र बनाकर तथा उसे विडिओ का रूप देकर उसकी व्याख्या की जा सकती है।

इसमें एक विडिओ को बनाने के लिए कई सारे image को श्रेणी में रखकर उनके साथ आवाज रिकार्ड करके उन्हें एनिमेशन के रूप में play किया जाता है। इस प्रकार एक एनिमेशन विडिओ तैयार होता है। चूंकि इसमें अधिकतर background सफेद होता है इसलिए इसे whiteboard के नाम से जाना जाता है।

वर्ष 2009 में पहली बार whiteboard animation विडिओ को यूट्यूब पर प्रयोग के तौर पर डाला गया। लेकिन आज के समय में इसे कई तरह के विडिओ बनाने के लिए इस्तेमाल किया जाता है। इसके इस्तमाल से स्टोरी टेलिंग तथा narrative विडिओ बनाना काफी आसान हो गया है तथा इसकी demand भी अधिक है।

8 Best, free and paid whiteboard animation software

यदि अप भी हाथ से लिखने वाला विडिओ बनाना चाहते हैं तो आपको white board animation software की जरूरत पड़ेगी। यदि आपके पास पैसे हैं तो आप paid सॉफ्टवेयर ले सकते हैं अन्यथा फ्री का whiteboard एनिमेशन सॉफ्टवेयर इस्तेमाल कर सकते हैं।

चूंकि फ्री वाले सॉफ्टवेयर में कम फीचर्स होते हैं इसलिए जरूरत पड़ने पर आप paid whiteboard animation software खरीद सकते हैं लेकिन उसके पहले आप चाहें तो फ्री वर्ज़न भी चलाकर देख सकते हैं। तो चालिए whiteboard software की लिस्ट देखते हैं-

1) Doodle Maker

LINK : https://doodlemaker.com/go/

हमारी लिस्ट का पहला व्हाइट बोर्ड एनिमेशन सॉफ्टवेयर है Doodle maker, इसकी सबसे बड़ी खासियत ये है की इसके लिए आपको सिर्फ एक बार ही पैसे देने पड़ेंगे। इसमें ऐसा नहीं है की आपको महीने या एक साल बाद फिर से पैसे देने पड़ें। इसके फीचर्स हम नीचे दे रहे हैं-

  1. इसमें आप 60 भाषाओं में लिखी हुई सामग्री हुए को आवाज( text to speech) दे सकते हैं
  2. इसमें आप एनिमेशन वीडियोज़ को कलर कर सकते हैं
  3. इसमें आप artificial intelligence की मदद से एनिमेशन फोटो के बैकग्राउंड को हटा सकते हैं
  4. भाषा का translation करने के लिए artificial intelligence
  5. रॉयल्टी फ्री म्युजिक
  6. इस सॉफ्टवेयर के द्वारा बनाए गए विडिओ को आप किसी भी client को बेच सकते हैं
  7. 300 रेडीमेड templates
  8. इसके द्वारा बनाए गए विडिओ को आप 720p तथा 1080p के रेसोल्यूशन में export कर सकते हैं

चूंकि ये क्लाउड पर आधारित सॉफ्टवेयर है इसलिए इसे इस्तेमाल करने के लिए आपके पास इंटरनेट होना चाहिए। ये सिर्फ paid version में उपलब्ध है तथा इसकी कीमत इस समय 67$ है। आप इसे window या mac Os पर चला सकते हैं।

2) Mango whiteboard

LINK : https://mangoanimate.com/

इसके कई तरह के विडिओ सॉफ्टवेयर उपलब्ध हैं लेकिन व्हाइट बोर्ड के लिए इस्तेमाल होने वाले सॉफ्टवेयर का नाम है Mango WM और आप इसे डाउनलोड करके ऑफलाइन भी इस्तेमाल कर सकते हैं।

आप इसे xp, vista तथा window 7, 8 तथा 10 में इस्तेमाल कर सकते हैं। आप चाहें तो इसे फ्री में भी इस्तेमाल कर सकते हैं अथवा इसका प्रीमियम वर्ज़न खरीद सकते हैं। इसकी price 99$ है तथा इसपर आपको डिस्काउंट भी मिल जाएगा। इसके लिए आपको बस एक बार ही पैसा देना है।

Best Whiteboard Animation Software

इसके कुछ फीचर्स नीचे दिए गए हैं-

  1. इसमें आपको readymade templates मिलता है
  2. मुफ़्त में मीडिया लाइब्रेरी मिलती है जिसमें आप character, SVG image तथा icon का इस्तेमाल कर सकते हैं
  3. चूंकि इससे हाथ से लिखने वाला विडिओ बनाया जाता है ऐसे में आप इस सॉफ्टवेयर में बहुत सारे पुरुष तथा महिला हाथ में से चुन सकते हैं


3) Explaindio

ये भी एक कमाल का व्हाइट बोर्ड एनिमेशन सॉफ्टवेयर है, यदि आप सबसे बेहतर में से किसी को चुनना चाहते हैं तो आप इसे आजमा सकते हैं। इसे इस्तेमाल करने के लिए आपको इसे खरीदना पड़ेगा, इसका फ्री में इस्तेमाल नहीं किया जा सकता है।

इसकी कीमत 37$ प्रति महिना, 67$ प्रतिवर्ष तथा 497$ हमेशा के लिए(one time payment) है। यदि आप एक से अधिक कंप्युटर पर इंस्टाल करना चाहते हैं तो इसके लिए आपको इसका enterprise version लेना चाहिए

चलिए अब इसके फीचर्स के बारे में जानते हैं-

  1. पहले से बनाए गए 200 animated विडिओ
  2. इसमें आपको 800 doodle sketch image मिलता है
  3. इसके अलावा आपको 100 full HD विडिओ मिलते हैं
  4. इसमें 300 से अधिक फॉन्ट उपलब्ध हैं
  5. पहले से बने बनाए गए 6 एनिमेशन character
  6. क्लाउड स्टॉरिज
  7. Explaindio के closed facebook group में access

इसके फीचर्स की लिस्ट काफी लंबी है इसके लिए इसके वेबसाईट पर जा सकते हैं। पहले कुछ उपयोगकर्ताओं की शिकायत थी की इसकी स्पीड अच्छी नहीं हैं लेकिन बाकी चीजें काफी ठीक हैं।

4) Video scribe

LINK : https://www.videoscribe.co/en/

ये भी काफी मशहूर व्हाइट बोर्ड एनिमेशन सॉफ्टवेयर है। इसके आसानी से इस्तेमाल की जानी वाली खूबी की वजह से ये जाना जाता है इसलिए नए और अनुभवी दोनों लोगों के लिए आसान है। इसकी कीमत 20.65$ प्रतिमाह है और यदि आप इसे एक वर्ष के लिए लेते हैं तो ये 9.44$ प्रति माह के हिसाब से पड़ता है।

यदि आप इसे हमेशा के लिए लेना चाहते हैं तो इसकी कीमत 566.40$ पड़ती है जो आपको केवल एक बार देनी होगी। इनके अलावा इसका फ्री ट्रायल भी उपलब्ध है जिसमें आपको सीमित फीचर्स मिलते हैं। इनके कुछ फीचर्स नीचे दिए गए हैं-

  1. 8000 से अधिक images की फ्री लाइब्रेरी जो की paid तथा trial दोनों में उपलब्ध है
  2. पहले से बने हुए ready to use template
  3. इसमें आप अपना इमेज भी इस्तेमाल कर सकते हैं
  4. 190 से अधिक royalty free साउन्ड ट्रैक
  5. इसमें paid प्लान में आप offline भी काम कर सकते हैं तथा अपना बनाया हुआ विडिओ बेच भी सकते हैं

आप इस सॉफ्टवेयर को window तथा mac OS के ऑपरेटिंग सिस्टम में इस्तेमाल कर सकते हैं।

Best Whiteboard Animation Software

5) Doodly – Whiteboard Animation Software.

LINK : https://www.doodly.com/

हमारी लिस्ट का अगला व्हाइट बोर्ड एनिमेशन सॉफ्टवेयर है Doodly और ये भी आसानी से इस्तेमाल होने के कारण मशहूर है। आप इसे विंडो तथा मैक के ऑपरेटिंग सिस्टम पर इस्तेमाल कर सकते हैं।

इसका paid प्लान दो तरह का उपलब्ध है पहला standard और दूसरा enterprise और इन दोनों की कीमत क्रमशः 39$ तथा 69$ प्रतिमाह है। लेकिन यदि आप इनका वार्षिक प्लान लेते हैं तो आपको इनकी कीमत क्रमशः 20$ तथा 40$ प्रतिमाह देना होता है।

चलिए अब इसके कुछ फीचर्स के बारे में जान लेते हैं-

  1. आपको इसके स्टैन्डर्ड प्लान में 1164 character, 1620 images, 150 रॉयल्टी फ्री म्युजिक, 35 फॉन्ट तथा 20 विडिओ टेम्पलेट मिलता है
  2. वहीं इसके enterprise प्लान में आपको 3969 character, 3341 images, 250 रॉयल्टी फ्री म्युजिक ट्रैक, 70 फॉन्ट तथा 40 विडिओ टेम्पलेट मिलता है
  3. इन दोनों तरह के प्लान को आप कई कंप्युटर पर इस्तेमाल कर सकते हैँ
  4. इसमें आप 360p से लेकर 1080p तक के विडिओ export कर सकते हैं
  5. इसमें आप whiteboard को black board में भी बदल सकते हैं

इन सभी फीचर्स के साथ आप इसे इस्तेमाल कर सकते हैं लेकिन इस सॉफ्टवेयर के इस्तेमाल के लिए आपके पास इंटरनेट कनेक्शन होना चाहिए।

6) Animaker

LINK : https://www.animaker.com/whiteboard

ये cloud पर आधारित एक सॉफ्टवेयर तथा ये विडिओ और एनिमेशन के काम में आता है। ये काफी मशहूर है और व्हाइट बोर्ड एनिमेशन के साथ ही अन्य कई तरह की सेवाएं उपलब्ध कराता है।

इसके कई तरह के paid प्लान उपलब्ध हैं तथा watermark के साथ आप इसे फ्री में भी इस्तेमाल कर सकते हैं। इनके paid प्लान में Basic, Starter, Pro और Enterprise है तथा यदि आप इन्हें एक वर्ष के लिए लेते हैं तो इनकी कीमत क्रमशः 10$, 19$, 49$ प्रतिमाह तथा enterprise के लिए custom price है।

चलिए अब इनके फीचर्स के बारे में भी जान लेते हैं-

  1. इसमें आप whiteboard को Blackboard, Stich board तथा Glass board में बदल सकते हैं
  2. आप इसके फ्री वर्ज़न में 720p की विडिओ भी बना सकते हैं तथा बहुत सारे फीचर्स फ्री plan में भी उपलब्ध हैं
  3. इसमें आप character builder का इस्तेमाल करके अपना मनचाहा character बना सकते हैं
  4. इसमें आपको बहुत सारे facial expression मिलते हैं जिन्हें आप एडिट भी कर सकते हैं
  5. इसके paid प्लान में आप अपना खुद का watermark भी लगा सकते हैं
  6. इसके लाइब्रेरी में आपको काफी मात्रा में image, video, audio track, template आदि मिलते हैं

इसके फीचर्स के साथ-साथ इसकी एक बड़ी कमी ये है की इसमें आप सीमित संख्या में ही प्रतिमाह विडिओ डाउनलोड कर सकेंगे। इसमें केवल enterprise प्लान में ही unlimited download की सुविधा मिलती है। इनके basic प्लान में तो आपको commercial rights भी नहीं मिलता है।

Best Whiteboard Animation Software

7) Vyond – Whiteboard Animation Software.

LINK : https://www.vyond.com/

ये भी cloud-based प्लेटफॉर्म है जहां पर आप एनिमेशन विडिओ बना सकते हैं। ये काफी पुराना एनिमेशन सॉफ्टवेयर है। इसके तगड़े फीचर्स के साथ ही इसकी कीमत भी अधिक है। हालांकि आपको इसका फ्री ट्रायल इस्तेमाल करने को मिल जाता है।

इसके paid प्लान में चार तरह के प्लान उपलब्ध हैं, essential, premium, professional और enterprise और इन सभी के अलग-अलग दाम हैं। यदि आप वार्षिक प्लान लेते हैं तो इसकी कीमत क्रमशः 299$, 649$ तथा 999$ प्रतिवर्ष हैं और enterprise प्लान का प्राइस custom है जो आप कंपनी से संपर्क कर सुनिश्चित कर सकते हैं।

चलिए अब इसके फीचर्स के बारे में जान लेते हैं-

  1. इसमें आपको तीन तरह के विसुअल स्टाइल मिलते हैं- contemporary, business friendly और whiteboard
  2. आप इसके essential plan में 720p तथा अन्य प्लान 720p और 1080p की विडिओ को export कर सकते हैं
  3. इसमें एनिमेशन के character का automatic lip Synchronisation होता है जिससे एनिमेशन character, असली इंसान की तरह लगता है

इन फीचर्स के साथ इनके essential plan में एक बड़ी कमी नजर आती है और वो ये है की इसमें आपके विडिओ पर Vyond का लोगो लगा हुआ होता है।

8) Powtoon

LINK : https://www.powtoon.com

ये web-based एनिमेशन सॉफ्टवेयर है तथा इसकी शुरुआत वर्ष 2012 में ही हुई थी। इसमें भी आपको paid तथा फ्री प्लान मिल जाते हैं। इसके एक फ्री तथा तीन तरह के paid प्लान उपलब्ध हैं।

यदि आप वार्षिक प्लान लेते हैं तो इनके pro, pro+ तथा agency प्लान की कीमत क्रमशः 279 रुपये, 899 रुपये तथा 1500 रुपये प्रतिमाह है। लेकिन यदि आप मासिक प्लान लेते हैं तो इसकी कीमत कई गुना अधिक पड़ेगी। अब चलिए इसके कुछ फीचर्स भी जान लेते हैं-

  1. अन्य सॉफ्टवेयर के जैसे ही इसमें भी रॉयल्टी फ्री इमेज तथा अन्य चीजें मिलती हैं
  2. इसके सभी प्लान में आपको commercial rights मिलता है
  3. इसमें आप 1080p की विडिओ को export कर सकते हैं
  4. इसमें आप character builder की मदद से अपने मनपसंद character बना ससकते हैं
  5. इसमें आपको 100 से अधिक ready made templates मिलते हैं

नोट: इसमें सॉफ्टवेयर को random क्रम में रखा गया है, इसमें ऐसा बिल्कुल भी नहीं है की जो सॉफ्टवेयर सबसे ऊपर है वो सबसे बेहतर है। इनमें कुछ सॉफ्टवेयर ऐसे हैं जो की whiteboard के अलावा भी अन्य सर्विस देते हैं इसलिए उनका प्राइस अधिक है।



अंत में :

समय के साथ विडिओ सामग्री का उपयोग काफी बढ़ रहा है ऐसे में व्हाइटबोर्ड एनिमेशन के इस्तेमाल से explainer video काफी आसानी से बन जाते हैं तथा ये विडिओ कहानी का व्याख्यान बहुत आसान तरीके से कर देते हैं।

आज के समय में बहुत सारे सॉफ्टवेयर हैं जिनसे whiteboard animation बहुत ही आसानी से बन जाता है। आने वाले समय में भी इसकी demand अधिक ही रहने वाली है। हमने इस लेख में बस कुछ सॉफ्टवेयर के बारे में ही बताया है।

इनके जैसे बहुत सारे सॉफ्टवेयर हैं जिनके इस्तेमाल से आप बिना किसी टेक्निकल जानकारी के एनिमेशन विडिओ बना सकते हैं। यदि इस लेख Best Whiteboard Animation Software से संबंधित आपका कोई सवाल है तो कमेन्ट करके जरूर पूछें।

E-Passport Kya Hai| Online Kaise Apply Kare.

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E-Passport Kya Hai. वैसे तो आपने पासपोर्ट के बारे में सुना होगा लेकिन e-passport सामान्य लोगों के लिए भारत में अब आने वाला है।अभी हाल ही में भारत सरकार में विदेश मंत्रालय के सचिव Sanjay Bhattacharyya ने इस बात की घोषणा की है की भारत में जल्द ही e-passport की सुविधा लोगों को दी जाएगी। हालांकि ये कुछ साल पहले ही डिप्लोमैटिक लोगों को उपलब्ध कराया जा चुका है।

लेकिन अब हर व्यक्ति e-passport बनवा सकेगा और उसके फायदे ले सकेगा। तो चलिए जानते हैं की ये क्या है तथा इसके लिए अप्लाइ कैसे करना होगा। इसके अलावा e-passport के फ़ायदों तथा नुकसान के बारे में भी जानेंगे।

E-passport kya hai

E-passport एक तरह का पासपोर्ट है जिसमें electronic microprocessor chip लगा होता है जिसमें पासपोर्ट धारक व्यक्ति की biometric जानकारी उपलब्ध होती है। इसका इस्तेमाल पासपोर्ट धारक की पहचान को प्रमाणित करने के लिए किया जाता है। इसमें contactless smart card तकनीक, microprocessor chip तथा antenna का इस्तेमाल किया जाता है। पासपोर्ट का इस्तेमाल दूसरे देशों में यात्रा के समय आपकी identity को प्रमाणित करने के लिए किया जाता है।

E-passport के सहज इस्तेमाल की वजह से इसे बहुत सारे देशों में इस्तेमाल किया जाता है। सबसे पहले मलेशिया में 1998 में e-passport शुरू किया गया। वर्ष 2008 तक करीब 60 देशों में इसे अपनाया जा चुका है। भारत में भी अब इसे सामान्य नागरिकों के लिए उपलब्ध कराया जाएगा। कुछ देशों में इसे biometric passport के नाम से भी जाना जाता है।

E-Passport apply Kaise Kare

E-Passport Apply. चूंकि e-passport आने वाला है इसलिए हर कोई यही सोच रहा होगा की इसे अप्लाइ कैसे किया जाएगा। इसके लिए क्या स्टेप्स रहने वाले हैं तो चलिए जानते हैं की e –passport के लिए कैसे अप्लाइ करना है।

आपको बता दें की इसके पहले पासपोर्ट बनवाने के लिए जिस तरह से अप्लाइ किया जाता था, उसी तरह से अब भी आपको e-passport के लिए भी ऑनलाइन अप्लाइ करना होगा तथा उसके बाद आपको पासपोर्ट ऑफिस जाना होगा।

चलिए अब जानते कि हैं मोबाईल से mPassport ऐप के जरिए कैसे आप पासपोर्ट के लिए अप्लाइ कर सकते हैं-

  1. सबसे पहले आपको अपने स्मार्टफोन में mPassport Seva ऐप डाउनलोड कर लेना है, ध्यान रखें कि ये भारत सरकार का असली ऐप हो तथा फर्जी ऐप से बचें
  2. ऐप डाउनलोड होने के बाद उसे open करें तथा New user registration पर क्लिक करें
  3. अब पूछी गई जानकारी भरें जैसे की passport office( अपने नजदीकी पासपोर्ट ऑफिस को चुनें), given name, surname, date of birth, E-mail id आदि
  4. इसके नीचे आपको e-mail id को लॉगिन आइडी बनाने के लिए yes/No में से चुनना होगा
  5. यदि आप email id को ही लॉगिन आइडी बनाना चाहते हैं तो yes पर क्लिक करें अथवा No पर क्लिक करें तथा अपना खुद का एक यूनीक लॉगिन आइडी बनाएं
  6. इसके बाद अपना पासवर्ड create करें तथा उसे confirm करें
  7. उसके नीचे Hint question तथा Hint answer चुने तथा CAPTCHA भरें
  8.  अब नीचे Submit पर क्लिक करें, अब आपका अकाउंट create हो जाएगा तथा आपके email पर एक लिंक भेज दिया जाएगा।

अब email पर दिए हुए लिंक पर क्लिक करके अपने अकाउंट को activate करें तथा फिर से mPassport ऐप ओपन करके user login पर क्लिक करें। अब आपने जो login id बनाया था उसे और पासवर्ड डालकर लॉगिन करें तथा आगे के स्टेप्स को फॉलो करें-

E-Passport Kya Hai

  1. लॉगिन करने के बाद Apply for fresh passport/Re-issue of passport पर क्लिक करें
  2. अब अपना state तथा district चुने
  3. यदि आप नए पासपोर्ट के लिए आवेदन कर रहे हैं तो “Fresh Passport” पर क्लिक करें तथा Type of application में normal चुनें (यदि आप जल्दी से पासपोर्ट बनवाना चाहते हैं तो Tatkaal पर क्लिक करें लेकिन इसके लिए आपको सामान्य से अधिक शुल्क देना होगा)।
  4. इसके बाद आप अपनी मर्जी अनुसार 36 pages या 60 pages में से एक को चुने जिसके लिए आपको अलग-अलग शुल्क देना होगा तथा next पर क्लिक करें
  5. इसके बाद अपनी जानकारी भरें जैसे की given name, surname, इसके अलावा आपका कोई और नाम भी है या आपने कभी अपना नाम बदल है तो उसकी जानकारी नीचे दें
  6. अब अपना date of birth चुनें तथा इसके बाद अपने place of birth को India या out of India होने की पुष्टि करें
  7. अब इसके बाद अपने place of birth की जानकारी दें तथा अपना gender, marital status(शादी), citizenship, PAN, voter id, employment type, educational qualification आदि जानकारी भरें
  8. इसके बाद अपने NON-ECR category में होने या नहीं होने की पुष्टि करें (इसके लिए आप दाहिने तरफ non-ecr के लिए जरूरी दस्तावेज की जानकारी देख सकते हैं)
  9. अब आधार कार्ड का नंबर डालें तथा I Agree पर क्लिक करके टर्म्स को स्वीकार करें तथा Save Details पर क्लिक करें


E-Passport Kya Hai

अब आपका application अप्लाइ हो चुका है तथा एक reference number भी generate हो जाएगा। अब Next पर क्लिक करें और आगे की जानकारी स्टेप वाइज़ भरें

  1. अब अपना father name, mother name, guardian name भरें तथा Next पर क्लिक करें
  2. अब अपना present address का डिटेल्स भरते हुए PIN code, mobile number तथा Email id भरने के बाद अपने permanent address और present address के अलग होने या नहीं होने की पुष्टि करें तथा Next पर क्लिक करें
  3. अब अपना emergency contact भरें जिसमें आपको उस व्यक्ति के name, address, mobile number तथा email id देना होगा जिससे emergency में संपर्क किया जा सके
  4. यदि आपने कभी identity certificate बनावाया है (जो की tibbet तथा stateless लोगों लोगों के लिए बनाया जाता है) तो yes अथवा No पर क्लिक करें
  5. यदि आपके पास पहले से कोई पासपोर्ट है तो उसकी जानकारी दें अथवा details not available पर क्लिक करें तथा इसके बाद next पर क्लिक करें
  6. अब आपसे संबंधित कुछ सवाल दिए दिए हुए हैं उन्हें पढ़ें और सभी का जवाब ठीक से सही-सही दें तथा next पर क्लिक करें
  7. अब आपके सामने आपके passport का एक प्रीव्यू आ जाएगा उसे देखें तथा उसके बाद Next पर क्लिक करें
  8. इसके बाद proof of birth तथा proof of address चुनें
  9. यदि आप अपने पासपोर्ट की सारी जानकारी अपने मोबाईल पर लेना चाहते हैं तो “Passport seva SMS services” को select करें। इसके लिए आपको 50 रुपये का शुल्क पासपोर्ट ऑफिस पर देना होगा
  10. इसका बाद Place वाले Box में अपने वर्तमान शहर का नाम डालें तथा declaration को accept करने के लिए I agree पर क्लिक करें
  11. इसके बाद preview form पर क्लिक करके अपने फॉर्म को देख सकते हैं तथा सब कुछ सही होने पर submit form पर क्लिक करें, अब आपका application successfully submit हो जाएगा

E-Passport Kya Hai

अब इसके बाद आपको पासपोर्ट ऑफिस जाना होगा जिसके लिया आपको पहले appointment book करना होगा। तो चलिए इसे भी स्टेप वाइज़ जानते हैं-

  1. अपने मोबाईल में mPassport ऐप ओपन करें तथा view saved/submitted applications पर क्लिक करें
  2. आपने जो भी application फॉर्म भरा है वो सामने दिख जाएगा उस पर क्लिक करें
  3. अब आपको उस application के साथ तीन बिंदी ऊपर-नीचे दिखाई देगी उस क्लिक करें तथा उसमें “pay and schedule appointment” पर क्लिक करें
  4. अब आपको जिस भी तरीके से पेमेंट  करना उसे चुनें तथा next पर क्लिक करें
  5. अब आपने जो भी पासपोर्ट ऑफिस चुना है उसमें कब appointment उपलब्ध है उसकी जानकारी आ जाएगी अब उसमें आप जब भी जाना चाहते हैं  उसे चुनें तथा next पर क्लिक करें
  6. अब आपके सामने पासपोर्ट ऑफिस का address तथा appointment date भरने का ऑप्शन मिलेगा उसे भरें तथा pay and book appointment पर क्लिक करें
  7. अपने सुविधा अनुसार पेमेंट पूरा करें
  8. अब फिर से ऐप के होम पेज पर जाएं तथा अपने application के ऊपर तीन डॉट पर क्लिक करके “schedule appointment” पर क्लिक करें तथा next पर क्लिक करें
  9. इसके बाद अपना पासपोर्ट ऑफिस तथा appointment date भरें तथा Book appointment पर क्लिक करें। अब आपका appointment बुक हो जाएगा जिसे आप view appointment में जाकर देख सकते हैं

Passport ऑफिस के appointment date को कैसे बदलें

यदि आप चाहते हैं की आपने पहले जो appointment डेट बुक किया है उसे बदल कर कोई और डेट बुक करें तो इसके लिए नीचे दिए गए स्टेप्स को फॉलो करें-

  1. उसी ऐप में जाकर अपने application फॉर्म के ऊपर बने तीन डॉट पर क्लिक करें तथा उसके बाद manage appointment पर क्लिक करें
  2. अब आपको Reschedule Appointment पर क्लिक करना होगा तथा confirm करने के लिए yes पर क्लिक करें
  3. अब आप पासपोर्ट ऑफिस की डिटेल्स भरें तथा next पर क्लिक करें
  4. अब अपना appointment date चुनें तथा book appointment पर क्लिक करें

E-Passport Kya Hai – Advantage of e-passport

चूंकि सभी देश e-passport की तरफ जा रहे हैं, इसके पीछे का मुख्य कारण है इसके फायदे। तो चलिए जानते हैं कि किस कारण से इसे बढ़ावा दिया जा रहा है-

  • immigration check counters पर किसी भी यात्री को अधिक समय तक लाइन में नहीं लगना पड़ता है और बड़ी ही आसानी आपका e-passport कम समय में ही स्कैन हो जाता है
  •  चूंकि इसमें biometric डाटा होता है इसलिए नकली पासपोर्ट बनाना मुश्किल है
  • इसमें उच्च स्तर की सुरक्षा प्रदान करने की कोशिश की जाती है
  • इसमें भरी हुई जानकारी से physically छेड़छाड़ नहीं किया जा सकता है जैसे कि पेन से कुछ लिख दिया अथवा अन्य चीजें

E-passport के नुकसान

हर चीज में फ़ायदों के साथ कुछ नुकसान भी होते है इसलिए e-passport के कुछ नुकसान भी हैं। हालांकि इसके फ़ायदों के आगे ये नुकसान कुछ भी नहीं हैं लेकिन फिर भी तकनीक को बेहतर कर इन्हें ठीक किया जा सकता है।

समय के साथ e-passport के क्लोन बनाने, इसे खराब करने और अन्य तरह की कमियाँ पाई गईं। लेकिन वर्तमान समय में इन सभी को ठीक कर लिया गया है। यदि आगे इस तरह कमियाँ की मिलीं तो ही नुकसान हो सकता है अन्यथा e-passport काफी सुविधाजनक है और लोगों के पासपोर्ट को सुरक्षा भी प्रदान करता है।



E-Passport Kya Hai – E-Passport India

भारत में पहली बार e-passport 2008 में ही शुरू कर दिया गया था लेकिन आम लोगों के लिए नहीं। चूंकि भारत मं diplomatic, official और regular/ordinary पासपोर्ट उपलब्ध है। वर्ष 2008 में केवल diplomatic पासपोर्ट धारक को ही e-passport की सुविधा उपलब्ध कराई गई।

किन्तु अभी हाल ही में भारत सरकार के विदेश मंत्रालय से ये घोषणा की गई है की अब आम passport धारक को भी e-passport की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। तो अब आप इसके लिए तैयार हो जाइए और इसका मज़ा उठाइए।

E-Passport Apply Kaise Kare – पासपोर्ट किसको बनवाना चाहिए

वैसे तो विदेश यात्रा करने वाले लोगों को पासपोर्ट बनवाना अनिवार्य होता है लेकिन यदि आप वैसे भी बनवाना चाहें तो बनवा सकते हैं। ये आपके लिए identity और अन्य कई तरह के प्रूफ के तौर पर काम करेगा।

पासपोर्ट बनवाने के लिए कितने रुपये लगते हैं?

अलग-अलग तरह के पासपोर्ट के लिए भिन्न-भिन्न शुल्क लगते हैं जो कुछ इस प्रकार हैं-

नया सामान्य रेगुलर पासपोर्ट (36 पेज) – 1500 रुपये

नया सामान्य रेगुलर पासपोर्ट (60 पेज)- 2000 रुपये

नया रेगुलर तत्काल पासपोर्ट (36 पेज या 60 पेज)– 2000 रुपये

18 वर्ष से नीच के लिए पासपोर्ट (नया या पुराना)- 1000 रुपये

18 वर्ष से नीचे के लिए तत्काल पासपोर्ट (नया या पुराना)- 2000 रुपये

पुलिस clearance के लिए – 500 रुपये

निष्कर्ष:

जहां सब कुछ डिजिटल हो रहा है वहाँ पासपोर्ट क्यों पीछे रहे। अभी तक बहुत सारे देशों में e-passport आ चुका है। भारत में भी diplomatic passport धारक के लिए ये 2008 में ही उपलब्ध करा दिया गया और पहली बार प्रतिभा देवी सिंह पाटिल को e-passport दिया गया जो की उस समय देश की राष्ट्रपति थीं।

लेकिन अब आम लोगों को भी e-passport की सुविधा मिल पाएगी। इसमें आपके biometric data को एक microprocessor chip में स्टोर किया जाता है। इससे आपको चेकिंग काउन्टर पर अधिक समय खड़ा नहीं रहना पड़ता है तथा आपका e-passport जल्दी से स्कैन हो जाता है।

हमने इस लेख में E-Passport Kya Hai और इसके लिए आवेदन करने के स्टेप वाइज़ तरीके के बारे में पूरी जानकारी दी है। यदि अभी भी आपका कोई सवाल है तो कमेन्ट करके हमसे जरूर पूछें। हम अति शीघ्र उसका उत्तर देने की कोशिश करेंगे।

Snapchat Crashing On Phone? Ways To Fix The Issue.

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Snapchat Crashing On Phone? Snapchat is a photo and video-sharing application that primarily focuses on pictures and videos. Add and communicate with your friends, record and share your memories, and capture and organize your photos and videos. Add and chat with your friends. As the name implies, it is a platform for real-time communication between people.

Using it, you can send an email with a picture that vanishes after a few seconds. Snapchat isn’t your typical photo or video-sharing app on the internet; it’s more like a social network. In addition to the effects that have been pre-installed, you have the option of creating new ones. Incorporating a personal touch in everything you communicate may make it feel more intimate. Aside from that, object-oriented communication can be used to send secret conversations. 

A “snap” is defined as any photo or video taken on Snapchat and shared with others. The photographs you upload are only available 24 hours after they are posted. The term “Snapchat story” refers to a collection of snaps you have assembled. There is a good chance that Snapchat will continue to exist because of media content like photographs and videos.

Social media organizations are continually updating and improving their mobile platforms due to the tremendous competition they are facing. Snapchat is keeping up with Facebook and Twitter in the social media battle, thanks to new features.

While its platform, on the other hand, is facing difficulties that some of its competitors have already experienced. Some Snapchat users have reported that the program has been crashing on them often, and the only thing they can think of as an explanation is a glitch.

If you’re experiencing the same problem, this post is for you. In this section, we’ll explain why Snapchat continues crashing and give you some pointers on how to resolve the issue like a true professional.

Snapchat Crashing On PhoneIs There a Reason for the “Unfortunately, Snapchat Has Stopped” Error Message on Snapchat? 

While there are many reasons for Snapchat error messages to appear on Android phones, one that frequently occurs involves the connection between Snapchat and its server (also known as a “connection failure”). The cache may become corrupted due to this, which may result in the recurrence of the crashing issue.

Many experts have mentioned that you may have accidentally reset your phone or device while your app was still running as a possible explanation for your situation.

What is causing Snapchat to keep crashing?

There could be various reasons stopping you from using Snapchat on your smartphone. If you have an older phone, a software update is likely the cause of the problem. Updated apps often demand a larger storage space and a more powerful device to function correctly.

An insufficient amount of storage space on your device, corrupted files, or even an unstable internet connection are all factors that can contribute to this situation. If Snapchat continues to crash for you, there are a few solutions you can attempt. Following that, go over them.

While chatting with a friend or loved one on Snapchat, have you ever received the terrible “Unfortunately, Snapchat has Stopped” error code while you were in the middle of a meaningful conversation? Immediately following this, the program frequently crashes and returns to the home screen.

Snap’s inability to function appropriately and prohibit you from engaging in the conversations that matter to you is nothing new.

The good news is that there are numerous alternatives available to assist you in getting your app back up and operating correctly. The day will be spent going over everything to get back to doing the activities you were previously doing as if nothing had happened.

This article will assist you in resolving the frustrating Snapchat issue and allowing you to use the app’s fantastic features once again.

Snapchat Crashing On Phone1. Delete Snapchat from all recent apps on your device.

The problem of “Snapchat keeps pausing” on Android can be resolved by removing the app from the list of recently used applications. Your phone may force the app into “idle mode” after it has been running in the background for a lengthy period. As a result, whenever you attempt to open it, it crashes again.

Force close Snapchat on Android

  • Snapchat can be closed down on Android devices by pressing the power button.
  • Simply pressing the Clear button will erase all of your recently used programs from your computer.

Force close Snapchat on an iPhone

  • On iPhone X and newer devices, double-tap or slide up and hold from the bottom of your screen to open the Recent Programs window, displaying the most recently viewed content.
  • Locate Snapchat and close it by swiping it up on the screen.

Check to check whether the problem has been addressed by relaunching Snapchat. 

2. Keep Snapchat up to date.

Ensure you have the most recent version of Snapchat installed on your iPhone or Android device to avoid any issues. Regularly, software developers release updates to their programs to fix the problems that may arise.

Because of this, likely, the Snapchat app on your phone will not be able to keep up with the current software on your device unless you also update the software on your smartphone. Depending on whether Snapchat is crashing or not, you may be able to download an update from the App or Play Store.

  • If you’re using an iPhone or an Android device, go to the App Store or the Google Play Store and download the app you want.
  • To install the latest recent Update, select Update from the drop-down menu. 

3. Delete the Snap chat cache files from your computer.

Snapchat Crashing On Phone. Snapchat may become unresponsive if you have many cache files saved in memory or if they become corrupted. Bring this show on the road.

Using a mobile device that Android powers

  • Opening the Apps & Notifications section of the Settings app is an excellent place to start.
  • To see all of your apps, select the See all apps option from the drop-down menu.
  • Locate and launch Snapchat from the list.
  • It is possible to choose between storage and cache.
  • Finally, by clicking the Clear cache button, you can remove all cache files from your computer.

In addition, you can clear the Snapchat cache files on your iPhone, although this is only possible within the app.



4. It’s time to restart your smartphone or tablet computer.

Unless you have done so recently, there is a significant probability that you have not reset your phone. Most problems can be remedied by just restarting your computer or another device.

It will only take a few seconds of your time to refresh the software and hardware features of your phone, as well as to terminate all background operations.

If Snapchat continues to crash even after you’ve tried the first three solutions described above, you may need to restart your phone.

  • Regardless of whether you have an Android or an iPhone, the process of rebooting your device is simple.
  • Restarting or rebooting most Android smartphones needs a single tap, whereas iOS devices require a swipe to accomplish the same task.

After you’ve reset your phone, try relaunching Snapchat to see whether it’s still working. The remaining fixes are detailed in the section below. Don’t give up on your dreams!

5. Download and install the most recent software update.

The most likely reason for this is that you are not utilizing the most recent version of Snapchat on your iPhone 7 or iPhone 11 or even on any Android device. The updated software resolves a problem that many customers were experiencing after upgrading to the most recent version of the software. Maintaining the software on your phone is a good practice, even if you haven’t upgraded it in a long time.

  • On Android, go to Settings > System > System Updates to download and install the Update.
  • Open the Settings app and select General > System Update from the menu bar if your iPhone requires an update. If your iPhone does not require an update, contact Apple Support.

As a precaution, make sure you’re connected to a WiFi network and that your charger is plugged in before you begin the upgrade process.

Snapchat Crashing On Phone6. Uninstall forbidden apps

Your Snapchat may be crashing on you all of the time! Remove any harmful apps from your phone as soon as possible to minimize any system instability and to keep your phone running smoothly.

7. After you’ve removed Snapchat, you’ll need to reinstall it.

Is it conceivable that none of the solutions listed above will work on your device? However, even if you start from the beginning, it is possible that correcting a problem with Snapchat would need the deletion and reinstallation of the program.

There will be no photographs or videos taken from your camera roll or deleted from your account if you choose to use this technique. Follow these steps to reinstall Snapchat on your computer.

On the iPad, you can:

  • For a few seconds, hold down the Snapchat symbol on your home screen.
  • The Delete or X button on your phone will allow you to uninstall Snapchat from your device completely.
  • After you’ve reinstalled it, go to the App Store and download it.

Users of Android devices can benefit from this as well:

  • Navigate directly to the Google Play Store.
  • Install the official Snapchat app from the App Store.
  • To begin uninstalling Snapchat, click the Uninstall icon located on the toolbar of the Snapchat app.
  • After you’ve waited a few seconds for the Snapchat uninstallation procedure to complete, you can reinstall the app on your phone.

8. Check the status of your Internet connection.

Snapchat may display an error message if your internet connection is inadequate. To put it another way, upgrade to a more reliable connection if your internet connection is the source of the problem.

Depending on whether the problem is with your internet connection or your network connection, you may not receive any further error messages if you have a strong network connection.



Snapchat Crashing On Phone9. Because of an incompatible device

When the Snapchat app is installed on an Android device not compatible with the app, an error message stating “Snapchat is not working” is displayed. Even though it is accessible through Google, you might attempt to remedy your problem using the same gadget you are presently using.

To find out if you can use Snapchat on the same device as those users, you may either experiment with their ways or switch to a newer phone and use Snapchat on that one.

10. Make it a point to no more extended use customized ROM!

Because Android apps and ROMs are built and constructed, there may be complications when you use a modified Android ROM on your smartphone in some circumstances.

It will be necessary to restore your Android smartphone to its factory settings and wait for the ROM developers to update their software to make it compatible with social media apps such as Snapchat. Restoring your Android smartphone to its factory settings will allow you to continue using Snapchat.

11. Restoring your Android device to its factory settings is a good idea.

When everything else fails, you can do a factory reset on your Android device to restore it to its original factory settings. As a result of your continued use of the system and the downloading of files and applications since you initially began using your device, the risk of encountering a bug grows with time.

However, it is possible to correct these problems and restore the full functionality of your apps and device by resetting your iPhone to its factory settings. Snapchat, unfortunately, has ceased to function. If you follow these steps, you will factory reset your smartphone or tablet.

Before factory resetting your phone or tablet, make a backup of all your files, including photographs and music, on another computer.

  • The first step of Backing up and resetting your smartphone can be found in the Settings menu of the device in question.
  • Step number two. To reset your phone, select the Reset option from the menu bar. It has been completed! 
Even though Snapchat is constantly crashing, there is still hope for the future.

Snapchat Crashing On Phone? Even though your WiFi or cellular data connection is operational and the app is up to date; servers are active in your region, and Snapchat continues to crash despite your efforts, The best course of action is to maintain your optimism and wait for Snapchat to issue a new update to see whether it will improve things. This is, of course, the worst-case scenario, and it is possible that it will never come to this. The good news is that all of the solutions that were presented were found to be effective.

What Is The Metaverse? Ways to Access and Metaverse Apps.

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What Is The Metaverse? In today’s technological community, the Metaverse is a popular topic of discussion. The Metaverse, which was previously only accessible to tech visionaries and data scientists, is now available to the general public. Everything from the increasing popularity of Roblox to Facebook’s transformation into its new “Meta” brand is exhibiting signs of being influenced by this environment.

Was it ever resurrected? What’s the next stage in this process?  Despite its growing popularity, the metaverse concept continues to be a mystery to many individuals. Some see it as a virtual reality environment, while others see it as a video game. There’s something much more exciting and nuanced waiting for us in the real world.

What Is The Metaverse? – What Exactly Does The Term “Metaverse” Refer To?

People can utilize their 3D digital avatars to engage in virtual activities such as land development, ownership of digital properties, and even digital currency that can be used to perform real-world transactions online.

The Metaverse comprises a range of technologies, including software, hardware, augmented reality, virtual reality, and mixed reality, all of which have unique acoustic and geographic capabilities.

The Metaverse is a virtual environment created by computers. There has been some form of implementation of the metaverse concept for quite some time now, and it has been around for quite some time. Examples of metaverses in action are shown in the following sections.

For example, in the case of Microsoft Teams, users can have online meetings in rooms where they can project their avatars. Using virtual worlds such as Second Life, individuals can create digital identities and avatars that allow them to transact in virtual products while pretending to be someone else, such as a superhero. Roblox, Minecraft, and Fornite are examples of video games.

In the NBA Live video game, a player can take on the role of a member of a team, in which case they can adopt the identity of one of the players.

  • Virtual concerts and parties with 3D holograms of actual people streaming live in real-time
  • Meetings can be held everywhere, including parks, conference rooms, and cafés.
  • Spend time shopping, eating, and walking around a mall with friends.

Metaverse: Build For a Reason

A good influence on the digital world can be exerted by human beings and the leaders, creators, and destroyers of that environment. To serve society and the environment as a whole, we can create metaverses rather than simply building for our advantage and profit. In the Metaverse, everything is virtual. It is not a substitute for being in the real world. Get out there and mingle with other folks! Be completely honest with yourself.

There is only one objective for technological advancement. The technology works for us and improves the quality of our life. Additionally, it benefits all of life on Earth, rather than just the individual who practices it. Those who design and build the digital world have a responsibility to create a long-term metaverse that cultivates, nurtures, and focuses on our progress, as well as the futures of our children and the planet in general.

What Are The Fundamental Technologies Of The Metaverse?

Universality and decentralization are at the heart of the Metaverse’s promise, and they are at the heart of its promise. It invites us to imagine a world where we have greater control over and access to our digital experiences in a more flexible setting. In its infancy, the Metaverse, sometimes known as the “new internet,” is continually evolving as new technology is introduced into the environment. The three most common technologies associated with the Metaverse are virtual reality (VR), blockchain, and artificial intelligence (AI) (apart from the internet itself).

Blockchain:

Talking about Bitcoin and other cryptocurrencies is no longer sufficient for discussing decentralization. With the advent of blockchain technology, we are transitioning from Web 2.0 to Web 3.0, which promises to give individuals greater control over their online experience. The result is that firms such as Google and Amazon will no longer influence what we do and view on the internet. Due to the advancements in blockchain technology, non-fungible tokens, smart contracts, and decentralized finance are already creating waves in the virtual world.



Artificial Intelligence (AI):

For the interaction between the physical and digital worlds to improve, machines must display a certain level of intelligence. It can assist in natural language processing, allowing our machines and robots to understand humans better and the communication we exchange with them. In addition, artificial intelligence (AI) supports computer vision and Simultaneous Location and Mapping (SLAM) technologies, allowing machines to comprehend our physical world better.

The virtual reality (VR), in its Fullness:

For example, extended reality (XR) technology is used to merge the physical and digital worlds through the use of headgear and other gadgets, making it one of the most frequently discussed metaverse technologies now available. Extended reality makes it feasible to interact with 3D avatars in virtual environments and interact with them in real-time (AR). Mixed and augmented reality may be used to revolutionize anything from maps to shopping experiences, allowing digital content to be seamlessly integrated into the actual environment.

Is The Metaverse a Long-Term Solution?

Many people are already taking advantage of this fantastic and thrilling opportunity to explore the Metaverse. As a result of this technology, it is projected that new economies, new workplaces, and new ways of communicating with others would all arise. As with any other technological advancement, careful consideration and implementation are required before the Metaverse can be regarded as really viable.

The following are some of the Metaverse’s fundamental concepts:

  • Data sovereignty, privacy, and governance are all critical concerns to keep in mind while developing your data strategy.
  • Transparency and transparency are essential (in a world not reliant on trust)
  • Everyone has the right to feel included and respected for their unique characteristics.
  • The creation of environments that are universally accessible, open, and interoperable
  • Global governance combined with decentralization is the solution.

Anyone working on the future of the Metaverse will need to follow a set of guidelines to ensure the project’s long-term viability. For example, the end of the Metaverse must include the following elements:

The technology that we develop in the Metaverse may contribute to beneficial environmental improvements and opportunities. However, make sure that any investments in this technology are made with the environment in mind before proceeding. Some businesses may need to consider how they will power the data centres accountable for the Metaverse’s configurations. As an illustration,

Accessibility to the digital domain and openness to the digital realm are two essential metaverse social ethics principles to consider. Ideally, no single individual should be in control of the Metaverse. In the Metaverse, everyone should have a voice and be treated equally, just as in the real world.

The Metaverse must be financially healthy to continue to promote the emergence of new economies and the success of current ones in the future.

How To Gain Entrance To The Metaverse

Metaverse is an augmented reality platform that allows users to build interactive experiences that bridge the gap between the digital and physical worlds. Open your browser and navigate to Meta dot IO to get started with Metaverse.

Using your dashboard, you’ll be able to see a list of all of the files you’ve created or copies of the files you’ve recommended to others. Many exciting things to do and see can be found by browsing through the most popular categories. Performing a keyword search is conceivable, which is the method through which the vast majority of well-educated educators are currently conducting review and reflection activities or even some breakout Edu sessions.

As a result, you may want to perform a search for those keywords. If you think it’s fascinating or promising, you can choose one and click on it.

As soon as you’ve navigated to this page, you’ll be able to play games in the Metaverse and participate in its activities. Following the successful scanning of your code, you will see a play button on your screen. Those who wish to favourite it must follow the procedures in the Metaverse. Sending it via email is a convenient way of making this document available to people interested in it.

Creating a Duplicate Of The Structure

And what’s even better is that you can completely duplicate it if you like the way it’s organized or the content.

Cloning will result in a clone of the original that can be altered in the Metaverse. This will remain a part of your recollections for the rest of your life, so look back on it when it’s time to reflect. If you’ve never heard of or seen a metaverse before, this is a fantastic place to begin your explorations of it. It will provide you with some suggestions on how to connect various scenes and arrange your sequence to include a variety of different types of settings.

If you like it, you may personalize it by clicking on the boxes and changing the messages or content, or even by changing the displayed photos. While all of the scenes feature different instructions for engaging with your players, the only thing you have to do in this particular scene is type in the box and start talking to them.


Introducing a New Character

Add a character by clicking on the bubble icon, then searching through the massive Metaverse library using keywords or uploading an image from your computer’s hard drive if you prefer. The ability to include something unique and personal, such as a photograph of yourself or your students, or simply a few bitmoji x’s, is excellent.

You can either utilize the sound effects provided by the library or record your voice. If you want to include an action in this scene, you can click on the “include an action” button. It is possible to utilize the “add a sound” option instead of using sounds if this is only a simple scenario and you do not want to use sounds.

Is The Metaverse A Positive Development?

It is hoped that reading this article has provided you with a better grasp of what the Metaverse implies for humanity and our collective future.

In the Metaverse, we can study, build, play, communicate, and collaborate with anyone and everyone on the planet. It simultaneously makes the world smaller by connecting us regardless of our geographical location and more significant by opening up more options for all of us to benefit from.

When used properly, the Metaverse can bring people from all over the world together, regardless of language or geographical location. We may be able to establish new economies in the future that are built on the sharing of assets in the future. More popular, the Metaverse is being heralded as the beginning of a new era in which experiences are made by and for the general public in an increasingly open environment, according to its proponents.

The Metaverse may also have its own set of difficulties to overcome, such as tracking down and halting criminal activity in a decentralized community.

The environment can be beneficial if we concentrate on developing a metaverse accessible to everyone. It is up to us to make the most effective use of this new technological advancement to attain a brighter future shortly.

Summary:

A growing number of futuristic technologies will emerge in the following years, and the Metaverse is the latest to join the list. With an increasing number of businesses and startups joining the bandwagon, including Microsoft and Meta, the future looks bright.

Whether the Metaverse is a success or a failure, it appears to be a logical evolution from today’s digital world, transitioning from 2D to 3D format. This post presents some of my perspectives on the Metaverse and what it might become in the future. The creators and builders of the Metaverse may be correct or incorrect, but I hope they consider our planet and the entire human race before developing anything.

Affiliate Marketing Kya Hai| Isse Paise Kaise Kmaye.

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Affiliate Marketing Kya Hai. यदि आप मार्केटिंग के बारे में जानते हैं तो affiliate marketing समझना आपके लिए आसान होगा लेकिन यदि आप नहीं जानते फिर भी कोई बात नहीं ये आर्टिकल पढ़ने के बाद आप इसे अच्छे से समझ जाएंगे और अफिलीएट मार्केटिंग से पैसे कमाने की तकनीक को भी जान पाएंगे।

कुछ लोगों को तो इस बात पर विश्वास ही नहीं होता है की इससे पैसे भी कमाएं जाते हैं लेकिन हम आपको इस आर्टिकल के माध्यम से बता दें की अफिलीएट मार्केटिंग से अच्छी खासी कमाई की जा सकती और इतना ही नहीं ये कानूनी रूप से भी सही है। तो चलिए इसके बारे में पूरी जानकारी लेते हैं। WhatsApp Se Paise Kaise Kamaye.

Affiliate Marketing Kya Hai

अफिलीएट मार्केटिंग एक तरह की मार्केटिंग है जिसमें आपको किसी अन्य के प्रोडक्ट को सेल करवाने के लिए प्रचार करना होता है और उसके बिकने पर आपको कुछ कमीशन मिलता है। इसके लिए आप वेबसाईट या किसी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल कर सकते है।

इसमें आपको अफिलीएट कंपनी से संपर्क कर अपने लिए अफिलीएट लिंक जनरेट करवाना होता है तथा इस लिंक को आपको अपने ऑडियंस तक पहुंचाना होता है। यदि कोई व्यक्ति उस लिंक से जाकर कोई प्रोडक्ट खरीदता है तो इसके बदले आपको कुछ कमीशन मिलता है।

मार्केटिंग क्या है?


किसी भी सामान को बेचने के लिए किया जाने वाला प्रचार-प्रसार मार्केटिंग कहलाता है। ये अखबार, टीवी, सोशल मीडिया तथा अन्य विभिन्न माध्यम किया जा सकता है।

Affiliate Marketing Kya Hai. Isse Paise Kaise Kmaye.

जब आप अफिलीएट मार्केटिंग शुरू करते हैं तो आपको हर प्रोडक्ट के लिए एक लिंक मिलता है। आपको इसी लिंक को अपने वेबसाईट या सोशल मीडिया पर promote करना होता है। जब कोई यूजर उस लिंक पर क्लिक करके उस प्रोडक्ट के पेज पर जाता है तथा उसे खरीदता है तब आपको उस प्रोडक्ट के बिकवाने के लिए कमीशन मिलता है। यदि वो यक्ति उसी समय और भी प्रोडक्ट खरीदता है तो उसपर भी आपको कमीशन मिलता है।

हालांकि इसमें अलग-अलग कंपनी के अपने नियम होते हैं। कुछ कंपनी में यदि यूजर आपके लिंक से जाता है तथा एक निश्चित समय अवधि में वो कोई भी खरीदारी करता है तो उसके बदले आपको कमीशन मिलता है। लेकिन कुछ ऐसे प्रोडक्ट भी होते हैं जिनपर कंपनीयां कमीशन नहीं देती हैं।

हम आपको Bonus के दूर पर बता देता है की आप WhatssApp का इस्तेमाल करके भी आप Affiliate Marketing कर सकते है. वैसे अगर बिस्तार से जानना चाहते हे WhatsApp Se Paise Kaise Kamaye तो उसके लिए आप WhatsApp का लेख पढ़ सकते हैं |

Affiliate Marketing Kya Hai. Affiliate Marketing Kaise Kare

अफिलीएट मर्केटिंग करने के लिए आपको अफिलीएट प्रोडक्ट और उनकी कंपनी के बारे में जानकारी होनी चाहिए। तथा उनसे संपर्क कर आपको अपने लिए अफिलीएट अकाउंट बना लेना चाहिए। उदाहरण के लिए चलिए जानते हैं कि आप कहा-कहा से अफिलीएट मार्केटिंग कर सकते हैं-

Amazon affiliate: आपको इस बात का तो अंदाज जरूर होगा की ऐमज़ान पर कितने तरह के प्रोडक्ट बेचे जाते हैं। ऐसे में आप चाहें तो इनके अफिलीएट प्रोग्राम से जुड़कर कमाई कर सकते हैं। इसके लिए आपको amazon associate program से जुड़ना होगा। इसके लिए आपको अपना वेबसाईट या सोशल मीडिया का लिंक देना होगा जहां पर आप ऐमज़ान के प्रोडक्ट को प्रमोट करेंगे।
एक बार आपको amazon associate program का अप्रूवल मिल जाने पर आप हर प्रोडक्ट के लिए एक लिंक generate कर सकते हैं। अब आपको उस लिंक को शेयर करना होगा ताकि लोग उसे देखें और उसे ओपन करके खरीदारी करें। जब कोई व्यक्ति आपके लिंक से जाकर ऐमज़ान का कोई भी प्रोडक्ट खरीदेगा तो उसके बदले आपको एक कमीशन मिलेगा जो पहले से ही फ़िक्स होता है।

Flipkart affiliate: फ्लिप कार्ट भी ऐमज़ान की तरह ही एक तरह का ecommerce प्लेटफॉर्म है। यहाँ भी आप सभी बिकने वाले प्रोडक्ट पर अफिलीएट मार्केटिंग कर सकते हैं और अच्छी कमाई कर सकते हैं।

Snapdeal affiliate: ये भी एक ecommerce platform है जहां पर विभिन्न प्रकार के सामान बेचे जाते हैं। यहाँ भी आप विभिन्न प्रोडक्टस को प्रमोट करके अफिलीएट मार्केटिंग कर सकते हैं।

Web hosting affiliate: आपकी जानकारी के लिए बता दें की वेब होस्टिंग को प्रमोट करके भी आप बेहतर अफिलीएट मार्केटिंग कर सकते हैं। यदि आप होस्टिंग के बारे में जानते हैं और आप कई कंपनी के होस्टिंग का इस्तेमाल कर चुके हैं तो आप इसके बारे में लोगों को बहुत अच्छे से बता सकते हैं तथा होस्टिंग कंपनी जैसे की bluehost, hostinger, reseller club, hostgator आदि के अफिलीएट मेम्बर बनकर अच्छी कमाई कर सकते हैं।

Clickbank: ये अफिलीएट मार्केटिंग के लिए जाना जाने वाला एक मशहूर ग्लोबल ecommerce और affiliate marketing का प्लेटफॉर्म है। यहाँ पर आपको कई तरह के प्रोडक्ट देखने को मिल जाते हैं तथा कमीशन रेट भी अच्छा मिलता है।

eBay: ये भी अमेरिका की एक multinational ecommerce कंपनी है। ये दुनिया के कई देशों में फैला हुआ है। इनके अफिलीएट प्रोग्राम का नाम eBay Partner Network है। आप आसानी से इससे जुड़ सकते हैं तथा अफिलीएट अकाउंट बनाकर पैसे कमा सकते हैं।



Facebook Aur Instagram Par Affiliate Marketing Kaise Kare

बहुत सारे लोगों के पास वेबसाईट नहीं होती इसलिए अक्सर उनका सवाल ये होता है की क्या वो फेस्बूक और इंस्टाग्राम पर अफिलीएट मार्केटिंग कर सकते हैं। ऐसे में हम आपको बता दें की आप किसी भी सोशल मीडिया के जरिए अफिलीएट मार्केटिंग कर सकते हैं चाहे वो फेस्बूक, इंस्टाग्राम हो या अन्य कोई।

यहाँ पर आपको बस ये ध्यान देना होगा की आपके पास ऑडियंस होनी चाहिए। और आपको आपकी ऑडियंस किसी खास चीज के लिए जानती हो। जैसे की यदि आप टेक्नॉलजी से रिलेटेड प्रोडक्ट को प्रमोट करना चाहते हैं तो आपकी ऑडियंस भी ऐसी होनी चाहिए जो टेक्नॉलजी प्रोडक्ट खरीदने में रुचि रखती हो तभी आप अफिलीएट मार्केटिंग में सफल होंगे।

Hindi Website Par Affiliate Marketing

चूंकि पहले के समय में इंटरनेट पर काफी कम मात्रा में हिंदी सामग्री उपलब्ध थी तथा हिंदी इंटरनेट यूजर भी कम थे। लेकिन अब हिंदी में इंटरनेट पर सामग्री बढ़ चुकी है तथा हिंदी इंटरनेट यूजर की संख्या भी काफी बढ़ी है। ऐसे में हिंदी वेबसाईट पर अफिलीएट मार्केटिंग करना संभव है लेकिन उतना आसान नहीं है इतना की इंग्लिश वेबसाईट में।

हिंदी वेबसाईट पर अफिलीएट मार्केटिंग करने में सबसे पहली समस्या जो आती है वो ये है की अभी भारत के यूजर ऑनलाइन खरीदारी में भरोसा नहीं रखते और ये बात कुछ हद तक सच भी है की ऑनलाइन स्टोर पर उपलब्ध फोटो और असल प्रोडक्ट में अंतर हो जाता है।

दूसरी जो समस्या आती है वो ये है की कुछ अफिलीएट कंपनी हिंदी भाषा के वेबसाईट पर अफिलीएट का अप्रूवल नहीं देती हैं। ऐसे में आपके पास सीमित साधन बचने हैं अफिलीएट करने के। लेकिन यदि आप किसी ऐसे कंपनी का अफिलीएट करना चाहते हैं जो हिंदी वेबसाईट पर अप्रूवल देती है तो फिर आप कर सकते हैं।

अफिलीएट लिंक एक तरह का लिंक होता है जिसे आपको अपने वेबसाईट या सोशल मीडिया पेज या प्रोफाइल पर शेयर करना होता है। जब कोई यूजर उस लिंक पर क्लिक करता है तो उसके सामने उस प्रोडक्ट का पेज खुल जाता है जिसके लिए आपने वो अफिलीएट लिंक generate किया था। उसके बाद यदि यूजर को वो प्रोडक्ट पसंद आता है तो वो उसे खरीद लेता है और उसके बदले आपको कमीशन मिलता है।

अफिलीएट लिंक आपको खुद generate करना होता है, इसके लिए आपको अफिलीएट मेम्बर बनकर अपने अकाउंट से लॉगिन करके एक-एक प्रोडक्ट का अफिलीएट लिंक बनाना होता है जिसे भी आप प्रमोट करना चाहते हैं।

आपको बता दें की अफिलीएट लिंक सामान्य लिंक से भिन्न होता है यदि कोई व्यक्ति सामान्य लिंक पर क्लिक करके किसी प्रोडक्ट के पेज पर पहुंचता है तो उससे किसी को कोई कमीशन नहीं मिलता है, लेकिन जब कोई यूजर किसी अफिलीएट लिंक पर क्लिक करता है तो वो लिंक जिसने भी generate किया होता है उसे कुछ कमीशन मिलता है।

अफिलीएट में किस आधार पर पैसे बनते हैं?

एक सामान्य सा सवाल ये आता है की क्या प्रोडक्ट के बिकने पर ही अफिलीएट में कमीशन मिलता है तो इसका जवाब है जी नहीं। अलग-अलग कंपनी का बिजनस मोडल अलग-अलग होता है इसलिए अफिलीएट मार्केटिंग में कई तरह से आप कमाई कर सकते हैं।

प्रोडक्ट बिकने पर: इस तरह का अफिलीएट मार्केटिंग बहुत ही आम है तथा इसमें आपके प्रमोट किए हुए प्रोडक्ट के बिकने पर ही कमीशन मिलता है। उदाहरण के लिए ऐमज़ान जहां पर आपके अफिलीएट लिंक से आने वाले कस्टमर की खरीदारी पर आपको कमीशन मिलता है। यहाँ यदि customer आपके दिए गए अफिलीएट लिंक से जाकर कोई और प्रोडक्ट खरीदता है तब भी आपको उसके लिए कमीशन मिलता है।

Signup करवाने पर: कुछ अफिलीएट प्रोग्राम ऐसे होते हैं जहां पर आपके अफिलीएट लिंक से जाकर यूजर को signup करना होता और इसके बदले आपको कुछ कमीशन मिलता है।

Pay per click: कुछ अफिलीएट प्रोग्राम ऐसे होते हैं जिसमें क्लिक के आधार पर कमीशन मिलता है। उदाहरण के लिए media.net, infolinks आदि।

Cost per impression: वैसे तो ये पूरी तरह से अफिलीएट मार्केटिंग से थोड़ा सा अलग है क्योंकि इसमें आपको विज़िटर को ऐड के बैनर या पोस्टर दिखाने के पैसे मिलते हैं। इसके लिए आपको अपने वेबसाईट या सोशल मीडिया पर कंपनी के प्रोडक्ट का बैनर लगाना होता है तथा इसके 1000 views के बदले आपको एक निश्चित राशि मिलती है।



Affiliate Marketing Kya Hai.अफिलीएट मार्केटिंग शुरू करने के लिए जरूरी चीजें

अफिलीएट मार्केटिंग शुरू करने के लिए आपके पास ऑडियंस होना बहुत ही जरूरी है। और ऑडियंस भी ऐसी होनी चाहिए जो आपके ऊपर भरोसा करती हो। जैसे की मान लीजिए यदि आपकी वेबसाईट फोन के बारे में है और आप उसपर फोन के बारे में सही और ढेर सारी जानकारी देते हैं तो इससे आपके ऑडियंस का भरोसा आप पर बढ़ जाता है।

अब इन ऑडियंस को यदि आप फोन से संबंधित कोई भी प्रोडक्ट recommend करते हैं तो उनके खरीदने की संभावना बढ़ जाती है।

इसके अलावा आपके पास एक प्लेटफॉर्म होना चाहिए जिसके जरिए आप अफिलीएट प्रोडक्ट को प्रमोट कर सकते हैं। चलिए इनके कुछ उदाहरण देखते हैं-

वेबसाईट– अफिलीएट मार्केटिंग करने के लिए वेबसाईट एक स्टैन्डर्ड तथा काफी कारगर प्लेटफॉर्म है। यहाँ आप आर्टिकल के माध्यम से किसी भी प्रोडक्ट का विवरण दे सकते हैं तथा उसके नीचे उसी से संबंधित प्रोडक्ट का अफिलीएट लिंक देते हुए लोगों को खरीदने के लिए प्रोत्साहित कर सकते हैं।

यू ट्यूब चैनल– यदि आप एक यू ट्यूब चैनल बनाते हैं तो इसके जरिए भी अच्छा अफिलीएट मार्केटिंग कर सकते हैं। यू ट्यूब पर आप जिससे संबंधित विडिओ बनाते हैं उसी तरह के प्रोडक्ट का अफिलीएट लिंक बनाकर लोगों को उसे खरीदने के लिए प्रोत्साहित कर सकते हैं।

अन्य सोशल मीडिया– यदि आपके किसी भी सोशल मीडिया पर अच्छी खासी संख्या में ऑडियंस है और वो आपके ऊपर भरोसा करती है तो आप उन्हें कोई प्रोडक्ट खरीदने के लिए बोल सकते हैं।

एक ही वेबसाईट पर ऐडसेंस और अफिलीएट मार्केटिंग

चूंकि वेबसाईट या यूट्यूब पर पैसा कमाने के लिए ऐडसेन्स पहला स्त्रोत होता है ऐसे में बहुत सारे लोग उसी वेबसाईट पर अफिलीएट मार्केटिंग भी करना चाहते हैं ऐसे में लोग इस बात से डरते हैं की कहीं इससे उनके ऐडसेन्स पर बुरा प्रभाव ना पड़े। लेकिन ऐसा बिल्कुल भी नहीं है आप एक ही वेबसाईट पर ऐडसेन्स और अफिलीएट मार्केटिंग दोनों से कमाई कर सकते हैं।

लेकिन अफिलीएट मार्केटिंग के लिए आपको disclaimer में लिखना होगा की आप अपने वेबसाईट पर अफिलीएट मार्केटिंग करते हैं।

Affiliate Marketing Kya Hai.अफिलीएट मार्केटिंग से कितना कमाया जा सकता है?

अफिलीएट मार्केटिंग से कमाई के बारे में कहना थोड़ा मुश्किल है क्योंकि इसमें कम से कम और अधिक से अधिक कमाई होती है। इसे आप ठीक वैसे ही समझ लीजिए की कोई कपड़े की दुकान यदि गाँव में है तो वहाँ कम कमाई होती है लेकिन यदि वही अगर शहर में होती है तो वहाँ अधिक कमाई होगी।

ठीक ऐसे ही अफिलीएट मार्केटिंग में कमाई इस बात पर निर्भर करती है आप किस तरह के प्रोडक्ट को प्रमोट करते हैं और उसमें कितना कमीशन मिलता है। लेकिन यदि आपको अफिलीएट मार्केटिंग के बारे में ठीक जानकारी नहीं है तो आप फेल भी हो सकते हैं। और यदि आप ठीक जानकारी रखते हैं तो महीने के कई हजार डॉलर कमा सकते हैं।

Conclusion

Affiliate Marketing Kya Hai. अफिलीएट मार्केटिंग एक तरह की मार्केटिंग है जिसमें आपको किसी अन्य व्यक्ति अथवा कंपनी के प्रोडक्ट को प्रमोट करना होता है और इसके बदले आपको कमीशन के रूप में कुछ पैसे मिलते हैं।

अफिलीएट मार्केटिंग के लिए आपके पास वेबसाईट अथवा सोशल मीडिया पेज होना चाहिए और वहाँ अच्छी-खासी ऑडियंस होनी चाहिए। अफिलीएट मार्केटिंग से संबंधित हमने सभी जरूरी जानकारी देने की कोशिश की है यदि अभी भी आपका कोई सवाल है तो आप कॉमेंट करके हमसे पूछ सकते हैं। 

LCD Kya Hai? LCD aur LED Me Kya Farak Hai?

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LCD Kya Hai? आज के समय में यदि आप कोई भी ऐसा इलेक्ट्रॉनिक सामान खरीदने जाएंगे जिसमें स्क्रीन/डिस्प्ले होता है तो आपको LCD और LED का नाम जरूर सुनने को मिलेगा। इसमें आपको चुनना होगा की आपको कौन सा डिस्प्ले वाला सामान खरीदना चाहते हैं।

जैसे की मान लीजिए टीवी ही हो गया जिसे खरीदते समय एलसीडी, एलईडी और अन्य में से आपको चुनना होगा। इसलिए आपका इसके बारे में जानना जरूरी है की एलसीडी क्या है और ये कैसे एलईडी से अलग है। यदि आप सामान खरीदने पहुँच गए तो दुकान में ताकते रह जाएंगे इसलिए इस आर्टिकल को पूरा पढ़िये और एलसीडी के बारे में पूरी जानकारी लीजिए।

LCD Kya Hai ?

एलसीडी एक तरह का फ्लैट पैनल डिस्प्ले है तथा इसका फुल फॉर्म है, “liquid crystal display”. इसमें liquid crystal के light modulating प्रॉपर्टी का इस्तेमाल हुए इसके साथ पोलराइज़र भी लगाया जाता है। इसका इस्तेमाल उन इलेक्ट्रॉनिक डिवाइसेस में होता है जिनमें डिस्प्ले होता है जैसे की टीवी, लैपटॉप, मोबाईल फोन, कंप्युटर मॉनीटर, डिजिटल क्लाक आदि।

चूंकि लिक्विड क्रिस्टल के पास खुद का प्रकाश नहीं होता है इसलिए एलसीडी में liquid crystal के पीछे CCFL लाइट का इस्तेमाल किया जाता है और लाइट क्रिस्टल को पार करते हुए इमेज बनाने में मदद करता है।

आज के समय में जितने भी डिस्प्ले आ रहे हैं उनमे ज्यादातर में लिक्विड क्रिस्टल का ही इस्तेमाल होता है। लेकिन उसके पीछे इस्तेमाल किये जाने वाले बैकलाइट अलग होते हैं और उसी के आधार पर इनका नाम भी बदल जाता है जैसे की एलसीडी, एलईडी , ओएलईडी आदि।

LCD Kya Hai? LCD Aur LED Me Farak

एलईडी में भी लिक्विड क्रिस्टल का ही इस्तेमाल किया जाता है लेकिन इसमें इस्तेमाल होने वाला बैकलाइट अलग होता है। एलसीडी के बैकलाइट में CCFL का इस्तेमाल होता है जबकि एलईडी में LED लाइट का एक पैनल लगाया जाता है जिससे एलईडी, एलसीडी की तुलना में और अधिक स्लिम हो जाते हैं।

LCD vs LED

एलसीडी (LCD)एलईडी (LED)
इसमें लिक्विड क्रिस्टल का इस्तेमाल किया जाता है लेकिन बैकलाइट के लिए CCFL का इस्तेमाल किया जाता है।इसमें भी लिक्विड क्रिस्टल का ही इस्तेमाल किया जाता है लेकिन इसमें बैकलाइट के लिए LED लाइट के पैनल का इस्तेमाल किया जाता है।
इसकी पिक्चर क्वालिटी भी ठीक होती है।इसकी पिक्चर क्वालिटी एलसीडी की तुलना में और भी अच्छी होती है।
ये काफी कम ऊर्जा लेता है।ये LCD से भी कम ऊर्जा लेता है और बिजली की बचत करता है।
चूंकि इसमें CCFL का इस्तेमाल होता है जो की LED की तुलना में अधिक जगह लेता है। इसलिए इसकी मोटाई एलईडी से अधिक हो जाती है।इसमें इस्तेमाल किया जाने वाला LED लाइट आकार में छोटा होता है इसलिए कम जगह लेता है तथा इसकी वजह से एलईडी डिस्प्ले की मोटाई कम हो जाती है तथा ये एलसीडी से अधिक स्लिम हो जाता है।
इसकी कीमत कम होती हैइसकी कीमत एलईडी की तुलना में कई गुना अधिक होती है।
इसका जीवनकाल एलईडी की तुलना में कम होता हैये एलसीडी से अधिक दिनों तक चलता है तथा इसका जीवनकाल लगभग एलसीडी के दोगुना होता है।
इसका response time थोड़ा एलईडी की तुलना में अधिक होता हैइसका response time कम होता है जो की एक अच्छी बात है

LCD Kya Hai?History Of LCD In Hindi

एलसीडी के इतिहास में सबसे पहले लिक्विड क्रिस्टलाइन प्रकृति का पता लगाना ही एक महत्त्वपूर्ण काम था। और इसके बारे में 1888 में फ्रेडरिक रेनित्जर ने गाजर मे से निकाले हुए कोलेस्ट्रॉल के लिक्विड क्रिस्टलाइन होने का पता लगाया।

1904 में otto lehman ने “Flüssige Kristalle”(क्रिस्टल लिक्विड) नाम की पुस्तक प्रकाशित की। 1911 में Charles Mauguin ने पहली बार प्लेटों की पतली परत में लिक्विड क्रिस्टल का एक्सपेरिमेंट किया। इसके बाद 1927 में Vsevolod Frederiks ने ऐसे बल्ब का निर्माण किया जो बिजली से चालू या बंद हो सकता था और ये एलसीडी में प्रकाश के लिए अनिवार्य खोज था।

इसके बाद 1962 में RCA में काम करने वाले रिचर्ड विलियम ने लिक्विड क्रिस्टल में विद्युत प्रकाशीय गुण होने की खोज की। इसके बाद कई तरह के रिसर्च चलते रहे और पहली बार जापान में 1980 में एलसीडी कलर टीवी की खोज की गई। इसके बाद 1982 में जापान की इलेक्ट्रॉनिक कंपनी Seiko Epson(Epson) ने पहला एलसीडी टीवी लॉन्च किया।

उसके बाद कई कंपनीयों ने इस टेक्नॉलजी को इस्तेमाल करते हुए घड़ी, कंप्युटर मानिटर, प्रोजेक्टर आदि में एलसीडी डिस्प्ले लगाना शुरू किया। इसके बाद इसमें और सुधार करते हुए 2007 में एलसीडी टेलिविज़न की पिक्चर क्वालिटी  cathode ray tube टेलिविज़न से बेहतर कर ली गई।

आज के समय में इसी लिक्विड क्रिस्टल को और बेहतर करते हुए एलईडी और ओएलईडी का निर्माण भी किया जा चुका है। और इसी की मदद से वजन में हल्के तथा लंबे स्क्रीन वाले डिस्प्ले बनाए जा रहे हैं। मार्केट में इस समय ज्यादातर एलसीडी और एलईडी टेक्नॉलजी के प्रोडक्ट देखने को मिलेंगे।



LCD Kya Hai?LCD Ki Specification

हमने एलसीडी के बारे में ये तो जान लिया की ये पतला होता है तथा कम बिजली लेता है लेकिन चलिए अब इसकी कुछ खाशियत को विस्तृत रूप में जानते हैं।

एलसीडी का रेसोल्यूशन: एलसीडी के रेसोल्यूशन को pixel में मापा जाता है जो की पंक्ति और कतार की संख्या होती है। इसमें हर पिक्सेल 3 sub-pixel से मिलकर बना होता है जिसमें red, green और एक blue होता है जिसे RGB भी कहते हैं।

Spatial performance: चूंकि एलसीडी का इस्तेमाल टीवी और कंप्युटर स्क्रीन दोनों में किया जाता है ऐसे टीवी को दूर से देखा जाता है लेकिन कंप्युटर स्क्रीन को नजदीक से। इसलिए दोनों के लिए अलग-अलग display density का प्रयोग किया जाता है। इसमें दूर से देखे जाने वाले डिस्प्ले जैसे की टीवी के लिए low density का इस्तेमाल किया जाता है। और नजदीक से देखे जाने वाले डिस्प्ले जैसे की स्मार्टफोन और कंप्युटर के डिस्प्ले के लिए high density का इस्तेमाल किया जाता है।

बिना झिलमिलाहट (Temporal performance): इसका मतलब ये होता है की कैसे कोई डिस्प्ले डिवाइस बदलते हुए इमेज को दिखता है। यदि हम एलसीडी की बात करें तो इसके पिक्सेल के लाइट दो फ्रेम के बीच में ऑन या ऑफ नहीं होते। इसकी वजह से इसमें झिलमिलाहट उत्पन्न नहीं होता है चाहे इसका रिफ्रेश रेट कितना भी कम हो।

बेहतर रंग (Colour performance): किसी भी डिस्प्ले के कलर परफॉरमेंस के लिए बहुत सारे टर्म का इस्तेमाल किया जाता है। इसमें से colour gamut भी एक है। यदि एलसीडी की बात करें तो इसमें कलर मैनिज्मन्ट के अन्य पहलू जैसे की white point और gamma correction उपलब्ध हैं। ये इस बात का वर्णन करना की किसी रंग में कितनी सफेदी है तथा अन्य रंग सफेद की तुलना में कोई और रंग कैसे दिखेंगे।

Brightness and contrast ratio: चूंकि एलसीडी में अपनी खुद की लाइट नहीं होती है तथा इसमें इमेज बनाने के लिए बैकलाइट का इस्तेमाल किया जाता है। एलसीडी में brightness दो चीजों पर निर्भर करता है पहला एलसीडी की पारदर्शिता और दूसरा उसके बैकलाइट का brightness. इसमें इसके बैकलाइट के brightness को बढ़ाकर डिस्प्ले के brightness को बढ़ाया जा सकता है।



Advantages Of LCD

एलसीडी के बहुत सारे फायदे है इसलिए ये मार्केट में काफी धूम मचा रहा है। चलिए एक-एक करके इसके फ़ायदों के बारे में और जानते हैं।

  1. एलसीडी CRT डिस्प्ले की तुलना में काफी हलके होते हैं। ये काफी ठोस और पतले भी होते हैं।
  2. इसमें ऊर्जा की खपत काफी कम होती है क्योंकि इसमें बैकलाइट में CCFL या LED लाइट का इस्तेमाल किया जाता है जो की काफी कम ऊर्जा खर्च करते हैं।
  3. चूंकि इसमें ऊर्जा की खपत कम होती है इसलिए ये कम गर्मी उत्पन्न करते हैं और इसका फायदा ये होता है की डिस्प्ले कम गरम होता है।
  4. इसमें बेहतर बैकलाइट का इस्तेमाल करके झिलमिलाहट को पूरी तरह से खत्म किया जा सकता है।
  5. इसमें इमेज बिल्कुल साफ दिखाई देता है तथा इसके इमेज में किसी तरह के दाग या धब्बे नहीं बनते।
  6. इसमें लो frequency range में भी नुकसान करने वाले इलेक्ट्रोमैग्नेटिक रेडीऐशन नहीं निकलते हैं।
  7. एलसीडी डिस्प्ले को किसी भी आकृति और आकार में बनाया जा सकता है छोटे से छोटा या बड़े से बड़ा।
  8. इसके रेसोल्यूशन बनाने की कोई सीमा नहीं है
  9. इसपर मैग्नेटिक फील्ड का कोई असर नहीं पड़ता है लेकिन CRT डिस्प्ले पर पड़ता है

LCD Kya Hai?Disadvantages Of LCD

एलसीडी के इतने सारे फ़ायदों के साथ कुछ नुकसान(disadvantage) भी हैं। तो सिर्फ फायदा सोचकर खुश होने से पहले इसकी कमियों के बारे में भी जान लीजिए। एलसीडी के disadvantage नीचे दिए गए हैं-

  1. इसमें आप हर angle से साफ इमेज नहीं देख पाएंगे। हालांकि इसे सुधारने की कोशिश की गई है लेकिन कुछ पुराने और सस्ते डिस्प्ले में आपको केवल सीधे देखने पर ही साफ स्क्रीन दिखाई देगा। उदाहरण के लिए यदि आप लैपटॉप स्क्रीन को अपनी आँख से सीधे देखेंगे तो वो साफ दिखाई देगा लेकिन यदि आप थोड़ा नीचे या ऊपर होकर देखेंगे तो इसका brightness कम हो जाएगा।
  2. इसमें काले रंग को पूरी तरह काला नहीं दिखाया जा सकता क्योंकि इसमें बहुत सारे लिक्विड क्रिस्टल ऐसे होते हैं जो बैकलाइट को पूरी तरह से नहीं रोक सकते।
  3. चूंकि 2012 के बाद से अधिकतर एलसीडी में डिस्प्ले को dim करने के लिए उसके बैकलाइट में  PWM (pulse width modulation) का इस्तेमाल किया जाता है। इसकी वजह से स्क्रीन बहुत जल्दी-जल्दी flicker करता है जिसकी वजह से बहुत सारे लोगों में eye-strain की समस्या होने लगती है और उन्हें पता भी नहीं चलता की ये उनके स्क्रीन की वजह से हो रही है।
  4. इसमें केवल एक ही रेसोल्यूशन का विडिओ दिखाया जा सकता है जबकि CRT डिस्प्ले रेसोल्यूशन को बदल सकता है। एलसीडी में अन्य रेसोल्यूशन को प्रदर्शित करने के लिए video scaler का इस्तेमाल करना पड़ता है जिसकी वजह से इसमें धुंधलापन और किनारे पर दाँतेदार डिस्प्ले प्रदर्शित हो सकता है।
  5. बहुत सारे सस्ते एलसीडी केवल निश्चित bit depth या colour depth (262144 colour) दिखा सकते हैं। 8-bit S-IPS पैनल भी केवल 160 लाख कलर ही दिखा सकता है।
  6. इसके बनाते समय dead या stuck pixel की समस्या आ सकती है जिसमें यदि stuck pixel हुआ तो ब्लैक स्क्रीन पर भी वो pixel glow करेगा और यदि stuck pixel हुआ तो उस जगह हमेशा अंधेरा रहेगा।
  7. चूंकि इसमें कम गर्मी उत्पन्न होती है लेकिन फिर भी इसके गर्म होने से उस हिस्से का रंग ठीक से प्रदर्शित नहीं हो पाएगा जहां पर ताप अधिक हो जाएगा।
  8. कम तापमान में भी इसका brightness कम हो सकता है तथा इसका response भी अधिक समय ले सकता है। इसके अलावा 0° C से नीचे के तापमान पर ये काम करना बंद कर सकता है। ऐसी स्थिति में इसे अनुकूल तापमान देकर चलाया जा सकता है।
  9. यदि वातावरण का तापमान बहुत अधिक हो जाए तब भी इसके contrast में कमी आ जाती है।

Use Of LCD

एलसीडी का इस्तेमाल बहुत सारे गैजेट्स में डिस्प्ले के तौर पर किया जाता है। तो चलिए उन सभी के उदाहरण देखते हैं जहां पर एलसीडी का इस्तेमाल किया जाता है-

  1. एलसीडी टीवी
  2. कैलक्यूलेटर
  3. कंप्युटर मानिटर
  4. डिजिटल घड़ी
  5. मोबाईल स्क्रीन
  6. विडिओ प्लेयर गैजेट्स

LCD Kya Hai?एलसीडी का वातावरण पर प्रभाव

एलसीडी स्क्रीन के उत्पादन में  nitrogen trifluoride (NF3) का इस्तेमाल किया जाता है। चूंकि ये एक ग्रीन हाउस गैस है और इसकी हाफ लाइफ अधिक होती है इसलिए ये ग्लोबल वार्मिंग की समस्या को बढ़ावा दे सकता है। कुछ लोगों का कहना है की इस प्रक्रिया में पूरा  nitrogen trifluoride वातावरण में मिल जाता है लेकिन रिसर्च के अनुसार केवल 2 से 3% NF3 ही वातावरण में जा पाता है।

Conclusion

एलसीडी आज के समय में सबसे अधिक इस्तेमाल होने वाला तकनीक है। इसके मदद से हल्के और पतले डिस्प्ले बनाए जा रहे हैं। CRT के मुकाबले ये अधिक दिनों तक चलने वाला डिस्प्ले है। चूंकि इसमें प्रकाश के लिए बैकलाइट का इस्तेमाल किया जाता है और जब से इसमें एलईडी का बैकलाइट इस्तेमाल किया जा जा रहा है तभी से इसे किसी भी आकृति में बनाया जा सकता है।

चूंकि एलसीडी का दाम पुराने डिस्प्ले की तुलना में अधिक होता है लेकिन अब सामान्य एलसीडी डिस्प्ले आम लोगों के बजट में है और ये अधिक दिनों तक चलने वाला भी है।

हमें उम्मीद है की आपको LCD Kya Hai? बारे में जरूरी जानकारी मिल गई होगी यदि आपका और कोई सवाल हो तो कमेन्ट करके जरूर पूछें।